महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या । एक बार फिर एक और भव्य प्राण-प्रतिष्ठा समारोह के लिए तैयार है। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने आज एक प्रेसवार्ता में बताया कि 5 जून को सुबह 11:25 से 11:40 बजे के बीच राम दरबार सहित सभी 8 मूर्तियों की प्राण-प्रतिष्ठा की जाएगी। यह पावन आयोजन गंगा दशहरा के अवसर पर अभिजीत मुहूर्त में संपन्न होगा। प्राण-प्रतिष्ठा का यह अनुष्ठान 3 जून से शुरू होगा। पहले दिन, 3 जून को यज्ञ मंडप पूजन और अग्नि स्थापना का अनुष्ठान किया जाएगा। इसके अगले दिन, 4 जून को विभिन्न अधिवास और पालकी यात्रा का आयोजन होगा। काशी के प्रसिद्ध विद्वान पंडित जयप्रकाश के नेतृत्व में 101 वैदिक आचार्य इस प्राण-प्रतिष्ठा समारोह को संपन्न कराएंगे। इस भव्य कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। उनके अलावा, विभिन्न परंपराओं के संत, धर्माचार्य, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस), विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और राम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी व सदस्य भी इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनेंगे।
जल कलश यात्रा का आयोजन
प्राण-प्रतिष्ठा से पहले, 2 जून को शाम 4:00 बजे मातृ शक्तियां एक विशाल जल कलश यात्रा निकालेंगी। यह यात्रा सरयू के पुराने आरती स्थल से शुरू होकर श्रृंगरहाट, हनुमानगढ़ी, दशरथ महल होते हुए राम मंदिर के यज्ञ मंडप पर समाप्त होगी। यह उल्लेखनीय है कि इससे पहले भगवान रामलला की प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को हुई थी। अब 5 जून को होने वाली यह दूसरी प्राण-प्रतिष्ठा अयोध्या के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व को और अधिक बढ़ाएगी।