कांग्रेस ने सद्बुद्धि पद यात्रा निकालकर किया श्रीराम मंदिर चढ़ावा प्रकरण के निष्पक्ष जांच की मांग
श्रीराम मंदिर ट्रस्ट को भंग कर मंदिर की व्यवस्था चारों पीठों के शंकराचार्यों को सौंपी जाय- विश्वनाथ चौधरी
बस्ती। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर मंगलवार को बस्ती में जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा जिला अध्यक्ष विश्वनाथ चौधरी के नेतृत्व में ‘सद्बुद्धि पदयात्रा’ निकाली गई। पदयात्रा जिला कांग्रेस कार्यालय से प्रारंभ होकर गायत्री शक्तिपीठ मंदिर तक पहुंची, जहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रार्थना कर कार्यक्रम का समापन किया।
इस दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी एवं वित्तीय अनियमितताओं के विरोध में प्रदर्शन करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि इस प्रकरण से करोड़ों रामभक्तों की आस्था आहत हुई है, इसलिए पूरे मामले की उच्च न्यायालय के सिटिंग जज से निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
जिला अध्यक्ष विश्वनाथ चौधरी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी की मांग है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही श्रीराम मंदिर ट्रस्ट को भंग कर मंदिर की व्यवस्था चारों पीठों के शंकराचार्यों एवं श्रीराम मंदिर के सम्मानित महंतों को सौंपी जाए, ताकि श्रद्धालुओं की आस्था और विश्वास बना रहे। कहा कि ‘सद्बुद्धि पदयात्रा’ का उद्देश्य आस्था से जुड़े इस मुद्दे पर निष्पक्ष जांच की मांग उठाना और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित कराना है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता देवेन्द्र श्रीवास्तव, पूर्व अध्यक्ष ज्ञानेन्द्र पाण्डेय ‘ज्ञानू’ वृजेश आर्य, डा. वाहिद अली सिद्दीकी, डा. आलोक रंजन, शौकत अली ‘नन्हू’, नर्वदेश्वर शुक्ला, अलीम अख्तर, मो. रफीक खान आदि ने कहा कि संघ परिवार, विश्व हिन्दू परिषद और भारतीय जनता पार्टी का चाल, चेहरा चरित्र उजागर हो गया है। श्रीराम मंदिर के चंदे की चोरी से देश के श्रीराम भक्तों की आस्था को गहरा आघात लगा है। अच्छा हो कि प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और जिम्मेदार चुप्पी तोड़े। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि चम्पत राय और अनिल मिश्र जैसे जिम्मेदारों के त्याग पत्र से ही स्पष्ट है कि उन्हें बचाने के लिये बड़ी ताकते साजिश रच रही हैै। मांग किया कि जिम्मेदारों की गिरफ्तारी के साथ ही श्रीराम भक्तों की आस्था से खिलवाड़ कर आलीशान मकान आदि बनवाने वाले लोगों के घरों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुडडोजर चलवाये।
पदयात्रा में मुख्य रूप से अनिल भारती, रामधीरज चौधरी, राकेश मणि त्रिपाठी, इश्तिखार अहमद, शकुन्तला देवी, कुंवर जितेन्द्र सिंह, अमर बहादुर शुक्ल, आलोक त्रिपाठी, गुड्डू सोनकर, सुधीर यादव, लक्ष्मी यादव, सोमनाथ संत, अनिल त्रिपाठी, राम बचन भारती, अतीउल्ला सिद्दीकी, अनूप पाठक, यशराज के.के., सलाहुद्दीन, उमाशंकर त्रिपाठी, प्रशान्त पाठक, फजले आजम, सर्वेश शुक्ला, मो. अशरफ अली, आनन्द निषाद, राम पूरन चौधरी, वृजभान कन्नौजिया, संजीव त्रिपाठी, उमेश उपाध्याय, अफजल हुसेन, हरिनाथ द्विवेदी, राम प्रीत, संजय चौधरी, राम बाबू कल्पू, विश्वजीत शुभम, मनीष दूबे, अखिलेश कुमार, संजय कुमार मुकेश, राम सिंह, अमित चौरसिया, निशान्त श्रीवास्तव, अमित कुमार के साथ ही कांग्रेस के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में समर्थक शामिल रहे। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने पार्टी के समर्थन में नारे लगाए और अपनी मांगों को लेकर प्रशासन के माध्यम से सरकार का ध्यान आकर्षित किया।