होली : रंगों में घुला प्रेम, क्षमा और नवजीवन का उत्सव

होली : रंगों में घुला प्रेम, क्षमा और नवजीवन का उत्सव

प्रो. डॉ. नवीन सिंह का संदेश – प्रेम, समरसता और आत्मशुद्धि का पर्व है होली

बस्ती। फाल्गुन पूर्णिमा के पावन अवसर पर प्रो. डॉ. नवीन सिंह, राष्ट्रीय महासचिव, विश्व संवाद परिषद योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा प्रकोष्ठ, भारत ने देशवासियों को होली की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि होली केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि हृदयों को जोड़ने वाला आध्यात्मिक और सामाजिक उत्सव है। यह पर्व प्रेम, क्षमा, भाईचारे और नवजीवन का संदेश देता है।

उन्होंने कहा कि भारत की सांस्कृतिक परंपराओं में होली का विशेष स्थान है। शीत ऋतु के विदा होने और वसंत के आगमन के साथ यह पर्व प्रकृति और मानव जीवन दोनों में नई ऊर्जा का संचार करता है। धरती जब रंग-बिरंगे फूलों से सजती है, तब मानव हृदय भी आनंद और उत्साह से भर उठता है।

प्रो. डॉ. सिंह ने बताया कि होली का पौराणिक आधार भक्त प्रह्लाद की अटूट भक्ति से जुड़ा है। हिरण्यकश्यप और होलिका की कथा हमें यह संदेश देती है कि अंततः सत्य और श्रद्धा की ही विजय होती है। होलिका दहन केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि हमारे भीतर के अहंकार, ईर्ष्या और द्वेष को जलाने का प्रतीक है।

उन्होंने आगे कहा कि रंगों की होली जीवन की विविधता और समरसता का प्रतीक है। लाल रंग प्रेम का, हरा समृद्धि का, पीला ज्ञान का और नीला अनंतता का प्रतीक है। यह पर्व हमें भेदभाव मिटाकर एक-दूसरे के साथ अपनत्व का व्यवहार करने की प्रेरणा देता है। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में होली रिश्तों को पुनर्जीवित करने और मनमुटाव दूर करने का अवसर प्रदान करती है।

प्रकृति और स्वास्थ्य के संदर्भ में उन्होंने आग्रह किया कि होली प्राकृतिक और पर्यावरण-सुरक्षित रंगों से मनाई जाए। टेसू के फूलों और हर्बल गुलाल का प्रयोग न केवल त्वचा के लिए सुरक्षित है, बल्कि यह हमारी परंपराओं से भी जुड़ा है। रासायनिक रंगों से बचते हुए स्वस्थ और सुरक्षित होली मनाना समय की आवश्यकता है।

अंत में प्रो. डॉ. नवीन सिंह ने कहा कि वास्तविक होली तब होती है जब हम अपने मन के अंधकार को दूर कर प्रेम और करुणा के रंगों से जीवन को आलोकित करें। यह पर्व हमें सिखाता है कि जीवन क्षणभंगुर है, इसलिए इसे प्रेम, क्षमा और आनंद के साथ जीना चाहिए।

उन्होंने समस्त देशवासियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए आपसी सौहार्द, स्वास्थ्य और समृद्धि की कामना की।