विकास खण्ड बिहार। शासन के आदेशानुसार, महर्षि वाल्मीकि जयन्ती के अवसर पर विकास खण्ड बिहार में एक भव्य और आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान महर्षि वाल्मीकि द्वारा रचित रामायण के अखण्ड पाठ का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने सहभागिता की।
चिह्नित ग्राम पंचायतों में विशेष आयोजन
कार्यक्रम का मुख्य केंद्र ग्राम पंचायत पुवासी, बरना, बिहरिया, और घमावा रहे, जहाँ पूर्व में ही आयोजन की सभी तैयारियाँ पूरी कर ली गई थीं। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन एवं दीपदान के साथ हुई, जिसके बाद वाल्मीकि रामायण का अनवरत पाठ एवं भजन कार्यक्रम शुरू हुआ। इन चिह्नित ग्राम पंचायतों में माहौल भक्तिमय रहा।
वक्ताओं ने डाला महर्षि के जीवन पर प्रकाश
इसके अतिरिक्त, विकास खण्ड के अंतर्गत सभी ग्राम पंचायतों में भी महर्षि वाल्मीकि जयन्ती को पूरे उत्साह और भव्यता के साथ मनाया गया। विभिन्न कार्यक्रमों में वक्ताओं ने महर्षि वाल्मीकि के जीवन संघर्ष, तपस्या, और साहित्यिक योगदान पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने बताया कि महर्षि वाल्मीकि ने ही आदिकाव्य रामायण की रचना कर भारतीय संस्कृति को अमूल्य धरोहर प्रदान की है।
सभी स्थानों पर धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बाद, उपस्थित जनसमूह को प्रसाद वितरण कर कार्यक्रम का विधिवत समापन किया गया। यह आयोजन महर्षि वाल्मीकि के आदर्शों और उनके महान योगदान को याद करने का एक सफल प्रयास रहा।