वैश्विक शांति और युद्ध समाप्ति की प्रार्थना के साथ डॉ. जौली की चौथी अयोध्या तीर्थ यात्रा का आगाज

 

महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या/नई दिल्ली । 7 अप्रैल 2026 वैश्विक भारत ब्रांड एम्बेस्डर और दिल्ली स्टडी ग्रुप के अध्यक्ष डॉ. विजय जौली के नेतृत्व में चौथी ‘अयोध्या राम मंदिर तीर्थ यात्रा’ का भव्य आयोजन 9 अप्रैल से 11 अप्रैल 2026 तक किया जा रहा है। इस विशेष यात्रा का मुख्य उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शांति स्थापित करना और दुनिया के विभिन्न हिस्सों में चल रहे भीषण युद्धों की समाप्ति हेतु ईश्वरीय प्रार्थना करना है। विश्व शांति के लिए होगा विशेष हवन डॉ. विजय जौली ने जानकारी दी कि 10 अप्रैल 2026 को प्रातः 9:30 बजे सभी राम भक्त प्रभु श्री राम लला के दर्शन करेंगे। दर्शन से पूर्व, अयोध्या स्थित जानकी महल धर्मशाला में सुबह 8:00 से 9:00 बजे तक एक विशेष हवन का आयोजन किया जाएगा। इस अनुष्ठान में तीर्थ यात्री मुख्य रूप से:
अमेरिका-ईरान-इजराइल के मध्य बढ़ते तनाव को कम करने।
रूस और यूक्रेन युद्ध की अविलंब समाप्ति के लिए विशेष आहुति देंगे।
अंतरराष्ट्रीय सहभागिता और कार्यक्रम इस तीर्थ यात्रा में दिल्ली से 101 राम भक्तों के साथ-साथ सिंगापुर के 6 विदेशी प्रतिनिधि भी शामिल हो रहे हैं, जो इसे वैश्विक स्वरूप प्रदान कर रहे हैं। यात्रा के दौरान प्रतिनिधिमंडल श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चंपत राय जी से भी शिष्टाचार भेंट करेगा।
“हमारा संकल्प है कि मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री राम के चरणों में अरदास लगाकर विश्व को युद्ध की विभीषिका से मुक्ति दिलाएं और वैश्विक सद्भाव का मार्ग प्रशस्त करें।डॉ. विजय जौली, अध्यक्ष – दिल्ली स्टडी ग्रुप ऐतिहासिक पृष्ठभूमि गौरतलब है कि डॉ. विजय जौली के नेतृत्व में ही 23 अप्रैल 2023 को दुनिया के 156 देशों की नदियों और समुद्रों के जल से राम मंदिर का ऐतिहासिक ‘जलाभिषेक’ संपन्न हुआ था। तब से डॉ. जौली प्रतिवर्ष नियमित रूप से अयोध्या यात्रा का आयोजन कर रहे हैं, और इस वर्ष की यह उनकी चौथी क्रमिक तीर्थ यात्रा है। प्रमुख स्थलों का भ्रमण
तीर्थ यात्री अयोध्या प्रवास के दौरान जानकी महल ट्रस्ट धर्मशाला में रुकेंगे। इस दौरान वे हनुमानगढ़ी में दर्शन। कनक भवन और नागेश्वरनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना। सरयू घाट (राम की पौड़ी) और गुप्तार घाट जैसे पौराणिक स्थलों का भ्रमण करेंगे।