हमें अपने कर्तव्य पथ से विचलित नहीं होना है – वैदिक विद्वान रविंद्र आर्य

हमें अपने कर्तव्य पथ से विचलित नहीं होना है – वैदिक विद्वान रविंद्र आर्य

 

बस्ती । टेस्ट ट्यूब बेबी का वर्तमान समय में बाजारीकरण हो गया है यह चिंता का विषय है अगर संतान की उत्पत्ति नहीं हो रही है तो लोग आयुर्वेद की तरफ लौटे आयुर्वेद में 60 प्रतिशत से 80 प्रतिशत तक ऐसे मरीज ठीक हो जाते हैं और उन्हें संतान की प्राप्ति होती है। यह विचार कानपुर से आए वैदिक विद्वान रविंद्र आर्य ने आर्य समाज गांधीनगर बस्ती में व्यक्त करते हुए कहा कि हम सब मर्यादाओं में रहते हुए उत्तम संतान की प्राप्ति कर सकते हैं हमें अपने कर्तव्य पथ से विचलित नहीं होना है। उन्होंने कहा की भगवान कृष्ण ने भी सपत्नीक 12 वर्ष तक ब्रह्मचर्य रहते हुए संतान उत्पत्ति का प्रयास किया, हमें अपने खान-पान पर ध्यान देने की आवश्यकता है और आयुर्वेद वह खजाना है जिसमें समस्त समस्याओं का समाधान है।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विद्वान योगेश भारद्वाज ने कहा कि देश के अंदर अनेकों समस्याएं हैं आज भारत संक्रमण काल से गुजर रहा है भारत ने आजादी के बाद तरक्की करने का प्रयास किया जो सफल रहा सभी सरकारों ने भरपूर प्रयास किया लेकिन हमें अब उन समस्याओं से निपटना है जो राष्ट्र को कमजोर करना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि 1822 में भारत में 5 लाख गुरुकुल थे यहां लोग शिक्षा लेते आते थे भारत दुनिया को शिक्षा देता था भारत को लोग देवताओं का देश मानते थे और यही कहानी सुनकर विदेशी भारत में आए उन्होंने यहां के लोगों को गुलाम बनाकर कई वर्षों तक राज किया। आज हम सबको अपने इतिहास से सबक लेने की आवश्यकता है, जिससे उसकी पुनरावृत्ति न हो और बेद के बताए हुए रास्ते पर चलकर देश की उन्नति करनी है। भजनीक मुकेश शास्त्री ने राष्ट्र प्रेम का भजन गाकर सबको भाव विभोर कर दिया।