दुर्घटना में तीर्थयात्रियों के लिए मसीहा बने प्रभाकर शुक्ला ‘रिंकू’

मानवता की मिसाल पेश कर सुरक्षित घर भेजा
सुलतानपुर( कल हुई सड़क दुर्घटना ने महाराष्ट्र से आए तीर्थयात्रियों के चेहरों से मुस्कान छीन ली थी, लेकिन आज उन्हीं चेहरों पर राहत की चमक लौटाने का काम किया लोकाधिकार सेवा समिति के अध्यक्ष प्रभाकर चंद्रशेखर शुक्ला ‘रिंकू’ ने।
दुर्घटना की जानकारी मिलते ही प्रभाकर शुक्ला ने बिना देर किए प्रशासन से संपर्क साधा और घायल तीर्थयात्रियों के इलाज, दवा, रातभर ठहरने, भोजन तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की त्वरित व्यवस्था कराकर संकट की घड़ी में सहारे का स्तंभ बन गए। रातभर उन्होंने लगातार स्थिति पर नज़र रखी ताकि किसी यात्री को किसी प्रकार की दिक्कत न हो। आज प्रातः उन्होंने स्वयं एक विशेष बस की व्यवस्था करवाकर सभी तीर्थयात्रियों को उनके घरों के लिए रवाना कराया। विदाई के समय प्रभाकर शुक्ला ने यात्रियों को कंबल वितरित कर संवेदना और सहयोग की गर्माहट भी दी। घायलों का मनोबल बढ़ाने के लिए उन्होंने हर व्यक्ति से व्यक्तिगत रूप से बातचीत कर हिम्मत बंधाई। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि ऐसी परिस्थितियों में जो काम प्रशासन करता है, वही कार्य प्रभाकर शुक्ला ने अपनी व्यक्तिगत जिम्मेदारी समझकर किया, जो अपने आप में समाजसेवा की एक अनोखी मिसाल है। नगरवासियों ने उनके इस मानवीय प्रयास की भूरी-भूरी प्रशंसा करते हुए कहा कि ’समाज में ऐसे लोग हों तो मानवता कभी हार नहीं सकती’। प्रभाकर शुक्ला का यह कदम न केवल पीड़ित यात्रियों के लिए संबल बना, बल्कि पूरे क्षेत्र में समाजसेवा के प्रति नया उत्साह, नई प्रेरणा भी जगाने का काम कर रहा है।