विधानसभा में गूंजा निषाद आरक्षण और बखिरा बर्तन उद्योग का मामला

कालिंदी तीवारी
संतकबीरनगर,,उत्तर प्रदेश की विधानसभा के बजट सत्र में मेहदावल के विधायक अनिल कुमार त्रिपाठी ने राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद ज्ञापित करते हुए उत्तर प्रदेश के निषाद बिंद ,केवट मल्लाह, कश्यप,आदि जातियों को अनुसूचित जाति की आरक्षण श्रेणी में रखने के लिए जोरदार आवाज उठाई इसके साथ ही साथ ओ डी ओ पी , योजना में चयनित बखिरा बर्तन उद्योग की तरफ शासन का ध्यान आकर्षित करने के लिए अपनी बात विधानसभा में रखी.,
श्री त्रिपाठी ने बखिरा बर्तन उद्योग की बदहाली के लिए पूर्व की सरकारों को कोसा और सरकार का ध्यान आकर्षण इस बात के लिए किया की बखिरा बर्तन उद्योग बहुत प्राचीन उद्योग है और यहां के कारीगर, और उद्यमी,उचित देखरेख न होने के कारण, व्यवस्थाएं ना मिल पाने के कारण,
पलायन को बाध्य हैं,
श्री त्रिपाठी ने महाकुंभ में सरकार के व्यवस्थाओं की भूरी भूरी प्रशंसा की और कहा की कुंभ की व्यवस्थाओं पर वही उंगली उठा रहे हैं जो पूरी तरह से सनातन के विरोधी हैं परिवारवादी हैं और जिनका जनता के हित से कोई सरोकार नहीं है,
निषाद् आरक्षण पर उन्होंने कहा कि आज देश और प्रदेश में भाजपा की सरकार है और जो भी कानूनी  अड़चन इसमें आ रही हैं, उन्हें दूर करके शीघ्र ही मछुआ निषाद केवट मल्लाह, बिंद, कश्यप आदि 17 जातियों को अनुसूचित की श्रेणी में रखा जाए