

अनुराग लक्ष्य, 8 नवंबर
मुम्बई संवाददाता।
सलीम बस्तवी अज़ीज़ी
एक बार फिर यह सिद्ध हो गया कि जिसको खुदा अपनी पनाह के साए में महफूज़ कर लेता है, उसे दुनिया की कोई भी ताकत मिटा नहीं सकती।
जी हां, हम बात कर रहे हैं, प्रयाग राज की धरती इलाहाबाद के मशहूर ओ मारूफ शख्सियत संजय पुरुषार्थी की, जो पिछले एक सप्ताह से चल रही ज़िंदगी और मौत की कश्मकश से आखिरकार मौत को शिकस्त देकर ऑपरेशन थिएटर से बाहर आ गए।
खुशी की बात है कि वह अब स्वस्थ हैं और अपने परिजनों के साथ हैं। बात सिर्फ इतनी थी कि उनका दांत किसी कारण मुंह से निकलकर गले में जाकर फंस गया था। जिसके वजह से उनको यह वेदना झेलनी पड़ी। लखनऊ के अपोलो अस्पताल में डॉक्टरों की टीम द्वारा चले लगभग पांच घंटों की मशक्कत के बाद सफलता पूर्वक आपरेशन करके वह दांत बाहर निकल लिया गया। जो कि एक दुर्लभ ऑपरेशन था।
आपको बताते चलें कि संजय पुरुषार्थी पर्यावरणीय पत्रिका ग्लोबल ग्रीन के मुख्य संपादक के साथ सफल उदघोषक के रूप में जाने और पहचाने जाते हैं।
दुख की इस घड़ी में उनके चाहने वालों की दुआएं काम आईं, और वोह जल्द ही पूरी तरह स्वस्थ हो कर अपने प्रशंसकों के बीच होंगे।