अनुराग लक्ष्य के 31वें स्थापना दिवस पर कवि सम्मेलन, मुशायरा एवं सारस्वत सम्मान समारोह आयोजित

अनुराग लक्ष्य के 31वें स्थापना दिवस पर कवि सम्मेलन, मुशायरा एवं सारस्वत सम्मान समारोह आयोजित

अनुराग लक्ष्य न्यूज

बस्ती। पत्रकारिता कठिन दौर से गुजर रही है फिर भी पत्रकार सच को उजागर करने में लगा हुआ है जिसका जीता जागता उदाहरण राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी का है जिसको पत्रकारों ने प्रमुख से प्रचारित और प्रसारित किया।

यह विचार अनुराग लक्ष्य के 31वें स्थापना दिवस पर मुख्य अतिथि के रूप में व्यक्त करते हुए रूधौली के विधायक राजेन्द्र प्रसाद चौधरी ने कहा कि चाहे धूप हो या बरसात पत्रकार हौसले के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करता है। दुर्भाग्य है इस देश का जिसके नाम पर सत्ता मिली उसी के नाम पर चढ़ावे के धन पर कुछ लोग लगे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यह परिवर्तन का युग है और समय के साथ-साथ सबको चलना होगा।

वरिष्ठ पत्रकार प्रकाश चन्द्र गुप्ता, प्रदीप चन्द्र पाण्डेय, जयंत मिश्र ने कहा कि वर्तमान समय में देश के अन्दर पत्र-पत्रिकाएं बन्द हो रही है ऐसे में प्रकाशन की निरन्तरता को बनाये रखना बहुत ही दुरूह कार्य है। वरिष्ठ पत्रकार डा0 सत्यव्रत, के0डी0 मिश्रा और पूर्व सहायक सूचना निदेशक दशरथ प्रसाद यादव, रामकृपाल राय, त्रिभुवन प्रसाद मिश्र ने कहा कि पत्रकार और साहित्यकार एक दूसरे के पूरक हैं। पहले अधिकांश साहित्यकार ही पत्रकार हुआ करते थे। आधुनिकता की चकाचौंध में प्रिन्ट मीडिया मुश्किलों के दौर गुजर रही है फिर भी अखबार और पत्रिकाएं छप रही हैं यह एशियाई देशों में ही संभव है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए डा0 रामकृष्ण लाल ‘जगमग’ ने कहा कि आचार्य रामचन्द्र शुक्ल की धरती से साहित्य का सन्देश पूरी दुनिया को जा रहा है, जहां से आज भी कई पत्र-पत्रिकाएं प्रकाशित हो रही हैं।

वरिष्ठ चिकित्सक डा0 अश्वनी सिंह एवं डा0 वी0के0 वर्मा, महेन्द्र तिवारी, अमित सिंह ने कहा कि समाचार पत्र समाज का आईना है और कविताएं यथार्थ का चित्रण करती हैं। मनुष्य के जीवन में आने वाली समस्याओं से निपटने का रास्ता बताती हैं। आजादी के बाद से आज तक साहित्यकारों एवं पत्रकारों ने समाज के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए हैं।

अंत में कवि सम्मेलन में गोरखपुर से आये कवि रामकृपाल राय ने मां पर कविता-‘‘हर पल रहता हूँ तेरे साये, मेरा जीवन माँ तेरे आँचल में, सुख का दीपक जो पल में बुझ जाए, दुख का बादल जो मुझ पर छा जाए’’ सुनाकर श्रोताओं को सोचने पर विवश कर दिया। उस्ताद शायर ताजीर बस्तवी ने-‘‘मवेशियों के गले में जो डाल दी रस्सी, मगर ये आदमी खुद बेलगाम चलता है’’ सुनाकर समाज का यथार्थ चित्रण किया। मुंबई से आये शायर सलीम बस्तवी ने-‘‘तीस वर्षों का सुहाना सफर और अनुराग लक्ष्य अभी तो आसमां के पार जाना है तुम्हें एक दिन’’ पढ़कर कार्यक्रम को नई ऊँचाई दी। कवियित्री प्रतिभा गुप्ता ने-‘‘दुर्भावना जो स्वार्थ की मदिरा पीए जो पथ पर पड़ी उसको जगा कर मोल जीवन का बताना चाहती हूँ’’ पढ़कर श्रोताओं को भाव-विभोर कर दिया। डा0 अमिताभ पाण्डेय ने-‘‘बिन मौसम बरसात कहाँ अच्छी लगती, बिन ख्वाबों की रात कहाँ अच्छी लगती है’’ की कविता ने श्रोताओं की वाह-वाही लूटी।

इसके पूर्व विधायक राजेन्द्र प्रसाद चौधरी को शील्ड, प्रमाण पत्र एवं शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन विनोद उपाध्याय ने किया।

कार्यक्रम में सम्मानित किए गये कवि एवं साहित्यकार-

वरिष्ठ कवि एवं साहित्यकार रामकृपाल राय, रामकृष्ण लाल ‘जगमग’, प्रतिभा गुप्ता, अमिताभ पाण्डेय, डा0 दशरथ प्रसाद यादव, अर्चना श्रीवास्तव, संध्या दीक्षित, अर्चना श्रीवास्तव, सुशील सिंह, राजेन्द्र सिंह राही, अफजल हुसैन, हरीश दरवेश, ताज़्ाीर बस्तवी, सलीम बस्तवी ‘अजीजी’, दीपक सिंह ‘प्रेमी’, डा0 अश्वनी सिंह, डा0 वी0के0 वर्मा, डा0 राहुल सिंह, मुस्लिमा खातून, प्रकाश चन्द्र गुप्ता, सागर गोरखपुरी, अजीत श्रीवास्तव ‘राज’ को सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में सम्मानित किए गये पत्रकार-

वरिष्ठ पत्रकार प्रदीप चन्द्र पाण्डेय, राकेश तिवारी, राजेन्द्र उपाध्याय, सर्वेश कुमार श्रीवास्तव, डा0 अजय किशोर श्रीवास्तव, पुनीत ओझा, वशिष्ठ पाण्डेय, लवकुश सिंह, सुनील मिश्रा, जितेन्द्र कुमार पाठक, कालिन्दी तिवारी, अनुराग श्रीवास्तव, अमरमणि पाण्डेय, संदीप गोयल, जितेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, संदीप शुक्ला, महेन्द्र कुमार उपाध्याय, राकेश वर्मा, रवि कुमार पाण्डेय, काजी मुनीर अहमद, सलीम बस्तवी, रियाज अहमद, राजेश कुमार पाण्डेय, वसीम अकरम, शक्ति शरण उपाध्याय, बृहस्पति कुमार पाण्डेय, आशुतोष प्रताप यदुवंशी, मकील अहमद, संजय शर्मा, बद्री प्रसाद अग्रहरि, रामधीरज सिंह को सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार डा0 गोकरन नरायन पाण्डेय, राघवेन्द्र प्रसाद मिश्र, डा0 नवीन सिंह, दिलीप चन्द्र पाण्डेय, राकेश गिरि, रजनीश त्रिपाठी, राकेश चन्द्र बिन्नू, दिलीप ंिसंह, सुरेश सिंह गौतम, दिनेश पाण्डेय, आशुतोष नारायण मिश्र, धर्मेन्द्र पाण्डेय, विशाल पाण्डेय, ब्रम्हसेवक पाण्डेय, संजय सिंह, तिलकराम, सुनील सोनी, हरिश्चन्द्र, संतोष श्रीवास्तव, डा0 सुरेन्द्र प्रसाद चौधरी, राहुल सिंह, श्रीप्रकाश गुप्ता, कपीश, तेज प्रकाश शुक्ला, अश्वनी शुक्ला, विश्राम प्रसाद, चन्द्र भूषण श्रीवास्तव, चन्द्र प्रकाश शर्मा, अरूण कुमार, अनिल पाण्डेय, अमर सोनी, शहंशाह आलम, रामसजीवन दूबे, अंकित गुप्ता, महेश तिवारी, राजेन्द्र कुमार, आकाश शुक्ला, साइफन फारूकी, बसंतलाल सहित तमाम लोग उपस्थित रहे।