पौली।
श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान का वह भंडार है सुनने मात्र से ही मनुष्य का कल्याण हो जाता है। जिस स्थान पर श्रीमदभागवत का कथा का पाठ होता है। वहां का वातावरण के साथ ही मस्तिष्क भी स्वच्छ हो जाता है। उक्त कथा प्रसंग ग्राम पंचायत धौरहरा स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में आयोजित श्रीमद्भावगत कथा में रितीका शास्त्री जी ने कहा कि भागवत कथा से घर और समाज में पवित्रता आती है। जो सुख शांति का आधार है। कथा के ज्ञान को जीवन में धारण करने से जहाँ जीवन सफल हो जाता है। वही मानव के अंदर भक्ति भावना जागृत होती है। तब ईश्वर का साक्षात्कार होने में देरी नहीं लगती है। भगवान भाव के भूखे हैं। श्रद्धा भाव से समर्पित होकर जो भी ईश्वर की आराधना किया। उस पर ईश्वर की कृपा जरूर बरसी। इस मौके पर यजमान सत्यनारायण सिंह सपत्नीक, उदयराज अग्रहरी, चंद्रु यादव, लल्लन प्रसाद यादव,सुभाष चंद्र, जितेंद्र गुप्ता, अशोक शिवकुमार दीपक, शिवकुमार, शैलेश,रामजग यादव संजय बर्मा समेत बहुत से ग्रामीण मौजूद रहे।