बस्ती 16 अगस्त। शुक्रवार को विश्व हिन्दू महासंघ जिलाध्यक्ष अखिलेश सिंह के नेतृत्व में महासंघ पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी के प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपा। मांग किया कि बांग्लादेश में हो रहे हिन्दुओं के उत्पीड़न, कत्लेआम, उनका घर जला देने, बहू बेटियों के साथ दुराचार की घटनाओं पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने की दिशा में पहल किया जाय।
ज्ञापन सौंपने के बाद विश्व हिन्दू महासंघ जिलाध्यक्ष अखिलेश सिंह ने बताया कि बांग्लादेश के मुसलमानों के दिमाग में यह गलतफहमी कूट-कूट कर भरी है कि बांग्लादेश सिर्फ मुसलमानों के लिए है वहां हिन्दुओं के लिए कोई स्थान नहीं है। जबकि बाग्लादेश सहित अनेक देशों में सभी धर्म के लोगों की समानता का अधिकार है तथा सनी धर्म के अनुयायियों को समानता का अधिकार हासिल है। हमारे देश भारत में सभी धर्मों को समानता मिलती है। धर्म के आधार पर कोई भेद-भाव नहीं है। हिन्दू मुस्लिम सबको एक समान सुविधायें मिल रही है, तो बांग्लादेश में हिन्दुओं के के साथ भेद-भाव व उत्पीड़न क्यों हो रहा है। मौजूदा समय में बांग्लादेश में हिन्दुओं के उत्पीड़न की बीभत्स स्थिति जैसे हिन्दुओं के घरों में आगजनी, हिन्दुओं की हत्या, हिन्दू महिलाओं व बच्चियों के साथ बलात्कार यहा तक कि मृतक हिन्दू महिलाओं की लाश के साथ बलात्कार की घटनाए जानकर हिन्दू समाज में काफी आक्रोश व्याप्त है । सरकार प्रभावी पहल करे। विश्व हिन्दू महासंघ जिलाध्यक्ष अखिलेश सिंह ने कहा कि धार्मिक भावनाओं पर कुठाराघात की नीयत से ऐसी घटनायें सामने आ रही है। इसे हिन्दू समाज बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होने प्रशासन मांग किया कि बांग्लादेश की घटना पर सरकार तत्काल पहल करे।
ज्ञापन देने वालों में मुख्य रूप से बिंदु गोपाल त्रिपाठी, महेश हिन्दुस्तानी, विजय शंकर शुक्ल, अमरजीत सिंह, विष्णु प्रताप सिंह, परमानन्द गुप्ता, शैलेंद्र सिंह, राकेश सिंह, विपिन सिंह, रूपनारायण, किशन गुप्ता, राम सिंह, जगत मोहन सिंह, चन्द्रेश पाठक, देवेन्द्र प्रताप सिंह ‘बब्लू’, मन्टू चौधरी, शिवसेना जिला प्रमुख प्रमोद पाण्डेय, बजरंग दल के जिला संयोजक मनमोहन त्रिपाठी, करणी सेना जिलाध्यक्ष रोलू सिंह, अनूप सिंह के साथ ही अनेक पदाधिकारी, सदस्य उपस्थित रहे