विशाल भारद्वाज और रेखा भारद्वाज ने किया ओशो की दुर्लभ संस्मरण पुस्तक ‘ग्लिमपसेस ऑफ ए गोल्डन चाईल्डहुड’ का लोकार्पण

मुंबई में  प्रसिद्ध फिल्मकार, संगीतकार और लेखक विशाल भारद्वाज तथा सुप्रसिद्ध गायिका रेखा भारद्वाज की उपस्थिति में ओशो की दुर्लभ संस्मरणात्मक पुस्तक Glimpses of a Golden Childhood का लोकार्पण किया गया। इस आयोजन की जानकारी संबंधित सार्वजनिक पोस्ट्स में साझा की गई थी, जिनमें मुंबई में 31 मई को पुस्तक लोकार्पण का उल्लेख है
ओशो की सभी रचनाओं में यह पुस्तक एक विशिष्ट स्थान रखती है। इसमें ओशो अपने विद्रोही, जिज्ञासु और शरारती बचपन को याद करते हुए आकर्षक, मनोरंजक और प्रेरणादायक प्रसंगों के माध्यम से अपनी प्रबुद्ध चेतना की झलक साझा करते हैं।
यह पुस्तक केवल संस्मरण नहीं, बल्कि एक आत्मिक और मानवीय यात्रा भी है, जिसमें रहस्यवादी ओशो से पहले के उस बालक का परिचय मिलता है जो नंगे पैर, बेबाक, जिज्ञासु और प्रश्न पूछने से न डरने वाला था। पुस्तक में कई सुंदर और अंतरंग तस्वीरें भी शामिल हैं, जो इसे पाठकों के लिए और अधिक दुर्लभ तथा संग्रहणीय अनुभव बनाती हैं।
पेंगुइन आनंदा द्वारा प्रकाशित यह हार्डकवर संस्करण 560 पृष्ठों का है। पुस्तक मार्च 2026 में प्रकाशित हुई है और अमेज़न सहित प्रमुख पुस्तक विक्रेताओं के माध्यम से उपलब्ध है।
ओशो के शब्दों में, वे अपने बारे में दुनिया द्वारा लिखी गई हर परत को मिटा देने की बात करते हैं, और यही स्वर इस पुस्तक को एक साधारण आत्मकथात्मक पाठ से आगे ले जाकर एक गहन आंतरिक दस्तावेज़ में बदल देता है। यह कृति ओशो के व्यक्तित्व, उनकी मौलिकता और उनके आरंभिक जीवन को समझने के इच्छुक पाठकों के लिए विशेष महत्व रखती है।
 कोरील राजेश कुमार