*अंबेडकरनगर में 77वां गणतंत्र दिवस श्रद्धा व देशभक्ति के साथ भव्य रूप से संपन्न*
*कलेक्ट्रेट से पुलिस लाइन तक गूंजा राष्ट्रगान, हर्षोल्लास से मना गणतंत्र दिवस*
*मत्स्य मंत्री संजय निषाद व जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के नेतृत्व में मनाया गया गणतंत्र दिवस*
*संविधान, एकता और राष्ट्रवाद का संदेश देता अंबेडकरनगर का गणतंत्र दिवस समारोह*
अंबेडकरनगर। 77वां गणतंत्र दिवस श्रद्धा, हर्षोल्लास एवं देशभक्ति के वातावरण में भव्य रूप से मनाया गया। इस पावन अवसर पर जनपद भर में विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने समस्त जनपदवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर जिलाधिकारी श्री अनुपम शुक्ला ने प्रातः 08:30 बजे कलेक्ट्रेट परिसर में ध्वजारोहण किया। ध्वजारोहण के उपरांत राष्ट्रगान गाया गया तथा संविधान, राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता के प्रति निष्ठा की शपथ दिलाई गई। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) श्रीमती ज्योत्सना बंधु, अपर उप जिलाधिकारी राजेश सिंह, उप जिलाधिकारी अरविंद शुक्ला सहित कलेक्ट्रेट के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी श्री अनुपम शुक्ला ने अधिकारियों, कर्मचारियों, छात्र-छात्राओं, भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों, वीर नारियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि भारत आज स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में 76 वर्षों की गौरवशाली यात्रा पूर्ण कर चुका है और विश्व पटल पर एक परिपक्व एवं सशक्त राष्ट्र के रूप में अपनी पहचान बना चुका है। उन्होंने कहा कि 26 जनवरी 1950 को लागू हुआ हमारा संविधान न केवल मौलिक अधिकार प्रदान करता है, बल्कि हमें हमारे मौलिक कर्तव्यों की भी याद दिलाता है। संविधान ही देश की नीतियों और कानूनों का आधार है। जिलाधिकारी ने नागरिकों से संवैधानिक मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करने का आह्वान करते हुए कहा कि जनपद के विकास से ही देश का विकास संभव है, इसके लिए सभी को अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करना होगा।
इस अवसर पर जिलाधिकारी द्वारा स्वतंत्रता सेनानियों के आश्रितों को अंगवस्त्र एवं मिष्ठान भेंट कर सम्मानित किया गया तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों एवं प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। साथ ही देशभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले नवोदय विद्यालय के छात्र-छात्राओं को भी पुरस्कृत किया गया।
समारोह में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) श्रीमती ज्योत्सना बंधु सहित अन्य अधिकारियों ने देश की आज़ादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले शहीदों को नमन करते हुए धर्म, जाति, भाषा एवं क्षेत्रवाद से ऊपर उठकर राष्ट्रवाद के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना ही सच्ची स्वतंत्रता है, जिसके लिए सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना हम सभी का कर्तव्य है। इस अवसर पर विद्यालयों की छात्राओं द्वारा राष्ट्रगान एवं देशभक्ति गीतों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं।
समारोह से पूर्व जिलाधिकारी एवं अन्य अधिकारियों द्वारा संविधान निर्माता भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर एवं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित की गई तथा उनके आदर्शों को नमन किया गया।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन में भी भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मत्स्य मंत्री संजय निषाद ने ध्वजारोहण कर पुलिस परेड की सलामी ली। इस अवसर पर विधायक कटेहरी धर्मराज निषाद, पुलिस अधीक्षक अभिजित आर. शंकर, मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) श्रीमती ज्योत्सना बंधु सहित जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि मत्स्य मंत्री संजय निषाद ने अपने संबोधन में देश की आज़ादी के लिए बलिदान देने वाले वीर सपूतों, क्रांतिकारियों एवं महापुरुषों को नमन किया। उन्होंने कहा कि संविधान में सभी धर्मों, जातियों एवं वर्गों के सम्मान एवं स्वाभिमान का समावेश है। उन्होंने सीमाओं की रक्षा करने वाले सैनिकों तथा आंतरिक सुरक्षा एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने वाले पुलिस जवानों की सराहना करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। साथ ही सरकार द्वारा किसानों, गरीबों एवं बेरोजगारों के लिए संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए सामाजिक एवं आर्थिक समानता के लक्ष्य को दोहराया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि द्वारा उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस अधिकारियों, पुलिस जवानों, छात्र-छात्राओं एवं शहीदों के परिजनों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। समारोह के दौरान विभिन्न विद्यालयों के बच्चों द्वारा देशभक्ति गीतों एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की आकर्षक प्रस्तुतियां दी गईं।