जरूर समझना क्यों कहते है मुझे “मुकेश कविवर केशव सुरेश रूनवाल

*जरूर समझना क्यों कहते है मुझे “मुकेश कविवर केशव सुरेश रूनवाल”*

 

म – ममता की मूरत, माँ की गोद में प्यार,

जीवन की यात्रा में साथ देने वाला आधार।

माँ की ममता की धारा, हृदय को शीतलता देती,

जीवन के हर मोड़ पर माँ का प्यार साथ रहता।

 

क – करुणा की धारा, माँ के आंचल की गर्मी,

जीवन की सर्दी में भी दिल को गर्मी देती।

माँ का आंचल, सुरक्षा का कवच है,

जीवन के हर संकट में माँ का प्यार साथ रहता है।

 

ेश – ईश्वर की कृपा, पिता के आशीर्वाद की कहानी,

जीवन को सफलता की ओर ले जाने वाली वाणी।

पिता का आशीर्वाद, जीवन की हर चुनौती का सामना,

सफलता की राह में पिता का प्यार साथ रहता है हर क्षण।

 

क – कठिनाइयों में भी साथ देने वाले पिता का हाथ,

जीवन की राह में सहारा बनता है हर घात।

पिता का हाथ, सुरक्षा का कवच है सदा,

जीवन के हर संकट में पिता का प्यार साथ रहता है।

 

वि – विविधता में एकता का पाठ पढ़ाने वाली माँ की बात,

जीवन को समृद्ध बनाने वाली संस्कृति की बात।

माँ की बात, जीवन को सही दिशा दिखाती,

एकता और सौहार्द की भावना जगाती।

 

व – वात्सल्य और स्नेह की अनमोल धारा,

माँ के प्यार की अविरल धारा।

जीवन को पोषित करने वाली ममता की धारा,

हृदय को शीतलता देने वाली स्नेह की धारा।

 

र – रक्षक और मार्गदर्शक, पिता की भूमिका सदा सहारा,

जीवन की राह में पिता का हाथ, हर कदम पर प्यार।

पिता का मार्गदर्शन, जीवन को सही दिशा दिखाता,

सफलता की राह में पिता का प्यार साथ रहता है।

 

के – केशव की तरह ज्ञान और बुद्धि का भंडार,

पिता के ज्ञान से जीवन को मिलता है आधार।

ज्ञान की गंगा, पिता के शब्दों से बहती,

जीवन को समृद्ध बनाने वाली बुद्धि की देती।

 

श – शौर्य और साहस का प्रतीक, पिता का प्यार,

जीवन की चुनौतियों का सामना करने का आधार।

पिता का साहस, जीवन को नई दिशा दिखाता,

शौर्य और साहस की भावना जगाता।

 

व – वाणी की मधुरता और व्यवहार की शीतलता,

माँ के प्यार की अविरल धारा।

जीवन को शीतलता देने वाली ममता की बात,

वाणी की मधुरता से जीवन को मिलता है प्यार और साथ।

 

स – संघर्षों के बीच भी मुस्कुराने वाली माँ का चेहरा,

जीवन की चुनौतियों में भी आशा की किरण दिखाता।

माँ की मुस्कान, जीवन को नई ऊर्जा देती,

संघर्षों के बीच भी जीवन को सकारात्मकता से भरती।

 

ु – उत्तम स्वास्थ्य कामना करने वाले पिता का आशीर्वाद,

जीवन को सुखी और समृद्ध बनाने वाला आशीर्वाद।

पिता का आशीर्वाद, जीवन को नई दिशा दिखाता,

स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना से जीवन को संवारता।

 

र – रूप और गुणों की खान, माँ की ममता का प्यार,

जीवन को समृद्ध बनाने वाला अनमोल उपहार।

माँ की ममता, जीवन को नई दिशा दिखाती,

प्यार और स्नेह से जीवन को संवारती।

 

ेश – ऐश्वर्य और समृद्धि की प्राप्ति कराने वाले पिता का हाथ,

जीवन को सुख और समृद्धि से भर देता है।

पिता का हाथ, जीवन को नई ऊँचाइयों तक ले जाता,

ऐश्वर्य और समृद्धि की राह पर जीवन को आगे बढ़ाता।

 

रू – रूप और गुणों की खान, माता-पिता का प्यार,

जीवन को समृद्ध बनाने वाला अनमोल उपहार।

माता-पिता का प्यार, जीवन को नई दिशा दिखाता,

प्यार और स्नेह से जीवन को संवारता।

 

न – नम्रता और विनम्रता का पाठ पढ़ाते बार-बार,

माता-पिता के शब्दों से जीवन को मिलता प्यार।

नम्रता की भावना, जीवन को सिखाती सहानुभूति,

विनम्रता से जीवन को मिलता सम्मान और प्रतिष्ठा।

 

वा – वाणी की मधुरता और व्यवहार की शीतलता,

जीवन को शीतलता देने वाली मधुर वाणी की बात।

मधुर वाणी से जीवन को मिलता प्यार और सम्मान,

व्यवहार की शीतलता से जीवन को मिलता समाधान।

 

ल -लोक कल्याण की भावना से भरे माता-पिता की कहानी,

दूसरों के लिए जीने की भावना से भरी जवानी।

माता-पिता का प्यार, समाज के लिए समर्पित,

लोक कल्याण की भावना से जीवन को संवारित।

 

स्वरचित एवं भावपूर्ण

मुकेश कविवर केशव सुरेश रूनवाल

 

जय श्री कृष्ण

सुप्रभात

आपका दिन मंगलमय हो