मोटर ट्रेनिंग स्कूलों पर फर्जी प्रमाण पत्र जारी करने का आरोप, डीएम से जांच की मांग
ऑटो रिक्शा जन कल्याण समिति ने सौंपा ज्ञापन
लवकुश सिंह संवाददाता
अनुराग लक्ष्य न्यूज बस्ती
बस्ती। शुक्रवार को ऑटो रिक्शा जन कल्याण समिति अध्यक्ष मो. हारून के नेतृत्व में आटो चालकों और समिति के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को सम्बोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा। मांग किया कि जिले में संचालित कुछ मोटर ट्रेनिंग स्कूलों द्वारा नियमों के विपरीत प्रशिक्षण देने और कथित तौर पर फर्जी तरीके से प्रशिक्षण प्रमाण पत्र जारी करने की जांच कराकर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई किया जाय।
ज्ञापन सौंपने के बाद समिति के जिला संरक्षक महेन्द्र श्रीवास्तव ने कहा कि जिले में आशा मोटर ट्रेनिंग स्कूल, प्रशांत मोटर ट्रेनिंग स्कूल और अवध मोटर ट्रेनिंग स्कूल सहित कुछ संस्थान मानकों के विपरीत संचालित किए जा रहे हैं। कहा कि इन संस्थानों में कथित तौर पर 6,000 रुपये लेकर अप्रशिक्षित चालकों को प्रशिक्षण प्रमाण पत्र जारी किए जा रहे हैं। आरोप लगाया कि कुछ केंद्रों पर पर्याप्त प्रशिक्षक नहीं हैं और प्रशिक्षण की प्रक्रिया भी निर्धारित मानकों के अनुसार नहीं अपनाई जा रही है। पत्र में यह भी दावा किया गया है कि कुछ लोगों को प्रमाण पत्र मिलने के बाद सड़क पर वाहन चलाने की अनुमति मिल जाती है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ सकता है।
समिति अध्यक्ष मो. हारून ने कहा कि अयोध्या स्थित परिवहन आयुक्त कार्यालय के एक आदेश में कहा गया है कि निर्धारित प्रक्रिया के तहत 5 ए पत्र निःशुल्क जारी करने के निर्देश के बावजूद कथित तौर पर इसके लिए एक हजार रूपये की अवैध वसूली की जा रही है। प्रशिक्षण शुल्क लेने के बावजूद कुछ संस्थान रसीद नहीं देते हैं। ज्ञापन में परिवहन विभाग के स्तर पर भी निगरानी की व्यवस्था पर सवाल उठाए गए हैं। कहा कि संबंधित मोटर ट्रेनिंग स्कूलों की निष्पक्ष जांच कराई जाय जिससे वास्तविक स्थिति सामने आ सके।
ज्ञापन सौंपने के वालों में मुख्य रूप से उपाध्यक्ष डा. इम्तियाज, अंकित उपाध्याय, अकबर अली, वारिस अली, एजाज अहमद, वाहिद अली, महबूब, सोनू कुमार, सुंदर, दीपक, सूरज गुप्ता के साथ ही समिति के पदाधिकारी, आटो चालक शामिल रहे।