महिला सशक्तिकरण में नारी शक्ति वंदन अधिनियम की भूमिका महत्वपूर्ण . प्रो सुनीता तिवारी
बस्ती ( अनुराग लक्ष्य न्यूज ) महिला पी जी कॉलेज बस्ती में आज राष्ट्रीय सेवा योजना उत्तर प्रदेश के समन्वयक प्रो मंजू सिंह,के दिशा निर्देश के अनुपालन में राष्ट्रीय सेवा योजना के एक दिवसीय सामान्य शिविर के सरकार द्वारा पारित नारी शक्ति वंदन अधिनियम, अभियान पर एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसका उद्देश्य महाविद्यालय के छात्राओं को इस अधिनियम एवं उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना था । कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय की यशस्वी प्राचार्य प्रोफेसर सुनीता तिवारी द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर एवं दीप प्रज्वलन कर किया गया। महाविद्यालय की छात्राओं द्वारा सरस्वती वंदना एवं स्वागत गीत प्रस्तुत किया गया । कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रोफेसर सुनीता तिवारी ने अपने अध्यक्षीय उद्बबोधन में कहा कि नारी को नारी के प्रति संवेदनशील होना होगा तथा समाज में व्याप्त अवांछित तत्वों से सतर्क रहना होगा तथा अपने अधिकारों को प्राप्त करने के लिए लड़ना होगा एवं अपने कर्तव्यों के प्रति भी जिम्मेदार रहना होगा । उन्होंने इस अधिनियम की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह अधिनियम नारी हित में है,महिला सशक्तिकरण की दिशा में यह अधिनियम महत्वपूर्ण सिद्ध होगा। महाविद्यालय की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ सीमा सिंह ने अपने विचार प्रस्तुत करते हुए कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति खुद ही जागरूक होना होगा और दूसरों को भी जागरूक करना होगा । महाविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉक्टर नूतन यादव ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं को सिर्फ प्रतिनिधित्व ही नहीं बल्कि राष्ट्र निर्माण में निर्णायक भूमिका देने के लिए ऐतिहासिक कदम है । डॉ सुधा त्रिपाठी ने कहा कि प्राचीन समय से ही महिलाओं के समाज में महत्वपूर्ण भूमिका है तथा महिलाओं ने समाज की उन्नति में अपना योगदान दिया है। डॉ स्मिता सिंह ने कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों के लिए स्वयं जागरूक होना चाहिए। डॉ सुहासिनी सिंह ने कहा कि महिलाओं को लोकसभा एवं विधानसभा में भागीदारी हेतु आरक्षण देने का यह कदम अत्यंत सराहनीय है । डॉक्टर रुचि श्रीवास्तव ने कहा कि महिलाओं को अपने आत्म बल को बढ़ाना चाहिए तथा अपने निर्णय क्षमता पर विश्वास करना चाहिए । डॉ संतोष यदुवंशी ने कहा कि महिलाओं को आगे बढ़ाने हेतु अपनी मदद स्वयं करनी होगी तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना होगा । डॉ प्रियंका मिश्रा ने कहा कि सरकार का यह कदम प्रशंसनीय है तथा इसका परिसीमन जल्द से जल्द होना चाहिए । इस विचार गोष्ठी में महाविद्यालय की प्रवक्ताओं के अतिरिक्त महाविद्यालय की छात्राओं ने भी अपने विचार प्रस्तुत किया । कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर कमलेश पांडे ने किया एवं महिलाओं के राजनीतिक एवं सामाजिक सुदृढ़ीकरण हेतु संकल्प दोहराया गया । कार्यक्रम के अंत मे धन्यवाद ज्ञापन प्रख्यात समाजशास्त्री डॉ रघुवर पाण्डेय द्वारा दिया गया ।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से डॉ वीना सिंह,नेहा परवीन,दुर्गेश गुप्ता,नेहा श्रीवास्तव,पूनम यादव,गिरिजा नंद राव,अरुण मणि त्रिपाठी,सूर्या उपाध्याय,सहित छात्राएं उपस्थित रहीं।