🌸 *ओ३म्* 🌸
🌻 *महर्षि वशिष्ठ नगर में बही वेदगंगा
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महर्षि वशिष्ठ नगर जनपद [ बस्ती ] में *संस्कार,संस्कृति,यज्ञ,वेदोपदेश* का अद्वितीय संगम हुआ।जहां लोगों ने *पावन वेद-गंगा में स्नान* कर अपने जीवन को कृतार्थ किया।
🪔 *प्रथम कार्यक्रम*🪔
सुप्रसिद्ध आर्य समाजी श्री कौशल सिंह अवकाश प्राप्त *ए डिओ पंचायत* के घर *अतिथि सत्कार हुआ* बहुत समय हो गया था आपका सुदर्शन नहीं है पायख था।आपका घर आज के युग में आदर्श घर है।जो शत -प्रतिशत मंदिर ही है।आगन में *नीम,आंवला,पीपल व शमी वृक्ष हैं।दूसरी ओर पूरे घर की दीवारों पर वेद ऋचाएं व सद्-वाक्य* आपको प्रेरणा देते मिलेंगे! दूसरी और गो-माता तथा एक भाग में आधुनिक कृषि यंत्र विद्यमान हैं।
🏵️ *पदयात्रा में विश्व रिकार्ड*🏵️
श्रीयुत प्रभाकर पांड्ये जी के सुपुत्र *आर्ष पांड्ये* जो वर्तमान में मात्र नौ वर्ष की आयु में *आठ किलोमीटर* की पदयात्रा करके विश्व रिकार्ड बनाया।
🪔 *द्वितीय कार्यक्रम*🪔
ग्राम बढ़नी महाराजगंज में *गृह-प्रवेश संस्कार* सम्पन्न हुआ एवं *गृह्स्थाश्रम व पंचमहायज्ञ* इस विषय पर वेदोपदेश के साथ *वैदिक सामूहिक भजनों* से ईश्वर का गुणानुवाद किया गया!
🪔 *तृतीय कार्यक्रम*🪔
वैदिक परिवार में मिलन कार्यक्रम के तहत आर्य समाज गांधी नगर के पुरोधा व *ऋषि भक्त आदरणीय वेदबाबू* के परिवार में *पारिवारिक संवादशाला* चलाई गई। इसी कार्यक्रम में प्रियवर मनीष जी की सुपुत्री *ब्रह्मचारिणी वेदांशी आर्या* ने ईश्वर भक्ति का भजन *सुखधाम सदा।तेरा नाम सदा!*
*कोई तुझसा और महान नहीं!!* सुनाकर सबको भक्ति रस का अमृत पान कराया! अपने विद्यालय के सांस्कृतिक कार्यक्रम में वेदांशी आर्या ने द्वितीय पुरस्कार भी प्राप्त किया!
*🪔चतुर्थ कार्यक्रम🪔*
ग्राम वरतनियां लालगंज बस्ती में स्व नाम धन्य *स्व०निर्भय मुनि* के सुपुत्र श्रीयुत गिरजा शंकर दूबे के सुपुत्र *ब्रह्मचारी अभिषेक* का यज्ञोपवीत संस्कार सम्पन्न हुआ।इस अवसर पर *संस्कार क्या?,क्यों?कब और कैंसे?* इस विषय पर यज्ञ ब्रह्मा के द्वारा विस्तार से प्रकाश डाला गया!
🌹 *पिता द्वारा पुत्र को उपदेश*🌹
उपनयन संस्कार के समय ब्रह्मचारी के पिता *श्री गिरजा शंकर दूबे* ने पुत्र अभिषेक को मुख्य रुप से छ:(६) वचनों का उपदेश किया!
*[१]* हे पुत्र! सदा ब्रह्मचर्य का पालन करना!
*[२]* हे पुत्र! संध्या व भोजन से पूर्व आचमन अवश्य करना!
*[३]* हे पुत्र! दिन में मत सोना!नृत्य व गीत से सदा बचते रहना!
*[४]* हे पुत्र! क्रोध व मिथ्या वार्तालाप से बचना व पूर्ण विद्या को प्राप्त करना!
*[५]* हे पुत्र! अति स्नान,अति भोजन,अति निद्रा,अति जागरण,लोभ,भय,मोह से बचते रहना!
*[६]* हे पुत्र! अभक्ष्य पदार्थों के सेवन से यथा मांसाहार,शराब से बचना!
पिता पुत्र का यह संवाद *जनसभा को विचखर मग्न* कर रहा था!
🔥 *संस्कार उपाचार्य*🔥
पंडिता रुक्मिणी शास्त्री जी द्वारा *वेदपाठ,वैदिक संस्कार गीत व वैदिक भजन गाकर* कार्यक्रम को हृदय ग्राही बनाया गया!
🪷 *धर्म-प्रसारण*🪷
महर्षि वशिष्ठ नगर जनपद बस्ती के *युवा विभूति* पत्रकार एशोशियेशन संघ के अध्यक्ष *कवि विनोद कुमार उपाध्याय* जी ने संपूर्ण कार्यक्रम को अपने समाचार पत्र *अनुराग लक्ष्य व नारद चर्चा* द्वारा *संचार -क्रांति* करके जन-जन तक इसे पहुंचाने हेतु अथक पुरुषार्थ किया!
आओ हम भी संकल्प लें कि घर पर ही व परिवार में ही *१६ संस्कारों,यज्ञ,सत्संग* कराकर घर को ही *मंदिर* बनायेंगे! तभी हम अंधविश्वास,पाखंड से अपने परिवार व समाज को बचा पायेंगे!
*आचार्य सुरेश जोशी*