
रवि प्रकाश पाण्डेय संवाददाता
सिद्धार्थनगर। विकास खंड भनवापुर ब्लॉक सभागार में जल संरक्षण एवं पर्यावरण संरक्षण को लेकर एक महत्वपूर्ण जागरूकता एवं समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य वर्षा जल संचयन, भूजल संरक्षण, जल स्रोतों के पुनर्जीवन तथा अधिक से अधिक वृक्षारोपण के माध्यम से पर्यावरण संतुलन बनाए रखना और जनभागीदारी को बढ़ावा देना रहा।
बैठक के मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख जिलाध्यक्ष लवकुश ओझा ने उपस्थित ग्राम प्रधानों, ग्राम सचिवों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को वृक्षारोपण एवं जल संरक्षण की शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि जल और पर्यावरण का संरक्षण प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है। यदि आज हम जल की प्रत्येक बूंद बचाने और अधिक से अधिक पौधे लगाने का संकल्प लें, तो आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित और समृद्ध पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सकता है।
खंड विकास अधिकारी विनोद मणि त्रिपाठी ने कहा कि जल संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा केवल सरकारी योजनाओं का विषय नहीं, बल्कि जनभागीदारी से ही इसे सफल बनाया जा सकता है। उन्होंने ग्राम पंचायतों में वर्षा जल संचयन, तालाबों के संरक्षण, जल स्रोतों के पुनर्जीवन एवं व्यापक वृक्षारोपण अभियान को प्राथमिकता देने की अपील की।
ब्लॉक प्रमुख जिला अध्यक्ष लवकुश ओझा व खंड विकास अधिकारी विनोद मणि त्रिपाठी ने मिलकर ब्लॉक परिषर में वृक्षारोपण भी किया तथा वृक्षारोपण के प्रति आम जनमानस को जागरूकता का संदेश दिया।
बैठक में अवर अभियंता (लघु सिंचाई) लक्ष्मी चंद, बोरिंग टेक्नीशियन रविशंकर पाण्डेय, ग्राम सचिव वी.के. कुशवाहा, प्रतीक रावत, हरीराम चौधरी, राहुल सिंह, शिव अजोर, नीरज त्रिपाठी, रामसागर सहित ब्लॉक में तैनात सभी ग्राम सचिव, ग्राम प्रधान एवं क्षेत्र के संभ्रांत नागरिक मौजूद रहे।
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित लोगों ने जल संरक्षण एवं पर्यावरण सुरक्षा के लिए सक्रिय भूमिका निभाने, अधिक से अधिक वृक्ष लगाने, जल का दुरुपयोग रोकने तथा अपने-अपने गांवों में लोगों को इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।