बादशाहनगर मेट्रो स्टेशन पर महिला के बैग से 53 जिंदा कारतूस बरामद

लखनऊ महानगर थाना क्षेत्र स्थित बादशाहनगर मेट्रो स्टेशन पर रविवार को सुरक्षा जांच के दौरान उस समय हड़कंप मच गया, जब एक महिला के बैग से बड़ी संख्या में जिंदा कारतूस बरामद हुए। एक्स-रे स्कैनिंग के दौरान बैग में संदिग्ध सामग्री दिखाई देने पर सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल सतर्कता दिखाते हुए बैग की गहन जांच कराई, जिसमें कुल 53 जिंदा कारतूस और 10 खोखा कारतूस बरामद हुए। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने महिला को हिरासत में लेकर उसके विरुद्ध आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनांक 05 अप्रैल 2026 को समय लगभग 11:59 बजे बादशाहनगर मेट्रो स्टेशन पर नियमित सुरक्षा जांच के दौरान एक महिला द्वारा काले रंग का बैग एक्सबीआईएस मशीन पर रखा गया। मशीन के मॉनिटर पर बैग के अंदर कारतूस जैसी वस्तु दिखाई देने पर ड्यूटी पर तैनात महिला गार्ड (एसआईएस) ने तत्काल सतर्कता बरतते हुए बैग की भौतिक जांच कराई। जांच के दौरान बैग के अंदर से 35 अदद जिंदा कारतूस .303 बोर बरामद हुए, जिनमें 07 क्लिप चार्जर भरे हुए थे तथा 03 क्लिप चार्जर खाली पाए गए।इसके अतिरिक्त महिला के बैग में रखे एक काले रंग के छोटे पर्स की तलाशी लेने पर उसमें 18 अदद जिंदा कारतूस 9 एमएम बरामद हुए। वहीं एक पन्नी में 09 अदद 9 एमएम के खोखा राउंड तथा 01 अदद .303 बोर का खोखा कारतूस भी मिला। इस प्रकार कुल मिलाकर 53 अदद जिंदा कारतूस एवं 10 अदद खोखा कारतूस बरामद किए गए, जिससे मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों और यात्रियों के बीच कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।पूछताछ के दौरान महिला ने अपना नाम प्रतीभा पाल पत्नी स्वर्गीय यशवंत सिंह निवासी ग्राम तिवारीपुर थाना साढ़ जनपद कानपुर नगर, उम्र लगभग 43 वर्ष बताया। महिला से जब बरामद कारतूसों के संबंध में वैध लाइसेंस या अन्य कानूनी दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, तो वह कोई भी वैध कागजात या संतोषजनक जानकारी उपलब्ध नहीं करा सकी। इसके बाद मामले की सूचना तत्काल थाना महानगर पुलिस को दी गई।थाना महानगर पुलिस द्वारा मौके पर पहुंचकर महिला को हिरासत में लिया गया। इस संबंध में उपनिरीक्षक अनुराग कुमार सिंह की तहरीर के आधार पर थाना महानगर में मु0अ0सं0 59/2026 धारा 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। पुलिस द्वारा बरामद कारतूसों को कब्जे में लेकर आवश्यक साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं तथा महिला से पूछताछ कर यह जानकारी जुटाई जा रही है कि वह इतनी बड़ी मात्रा में कारतूस कहां से लाई और इन्हें कहां ले जाने की योजना थी।पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की गहन जांच की जा रही है और महिला के आपराधिक इतिहास के साथ-साथ उसके संपर्कों की भी पड़ताल की जा रही है। यह भी जांच की जा रही है कि इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति या गिरोह तो शामिल नहीं है। घटना के बाद मेट्रो स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सतर्क कर दिया गया है तथा यात्रियों की जांच प्रक्रिया को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।इस पूरी कार्रवाई में उपनिरीक्षक अनुराग कुमार सिंह, कांस्टेबल शम्भूनाथ, महिला कांस्टेबल ज्योति तथा महिला कांस्टेबल प्रीती सरोज, थाना महानगर कमिश्नरेट लखनऊ की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिन्होंने तत्परता दिखाते हुए अभियुक्ता को गिरफ्तार कर बड़ी घटना की आशंका को टालने में सफलता प्राप्त की।