राजेश महाराज की अगुवाई में निकली भव्य राम जन्मोत्सव शोभायात्रा, रामनगरी में उमड़ा आस्था का सैलाब

 

महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या। प्रभु श्रीराम के भव्य मंदिर में विराजमान होने के बाद पहली रामनवमी पर अयोध्या पूरी तरह राममय हो गई है। इस पावन अवसर पर तीर्थ पुरोहित पंडा समाज द्वारा शुक्रवार की संध्या पर एक अत्यंत भव्य और मनोहारी शोभायात्रा का आयोजन किया गया। अयोध्या तीर्थ पुरोहित धर्मार्थ सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष राजेश महाराज के नेतृत्व में निकली इस यात्रा ने त्रेतायुग की राम बारात की स्मृतियों को जीवंत कर दिया। टेढ़ी बाजार से क्षीरेश्वरनाथ तक गूंजा जय श्रीराम शोभायात्रा का शुभारंभ टेढ़ी बाजार से हुआ, जो नगर के विभिन्न मार्गों से होती हुई क्षीरेश्वरनाथ मंदिर पहुंची और पुनः टेढ़ी बाजार पर आकर संपन्न हुई। यात्रा में सजे-धजे हाथी, घोड़े और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की थाप पर थिरकते श्रद्धालु आकर्षण का केंद्र रहे। राम मंदिर निर्माण के पश्चात भक्तों में दोगुना उत्साह देखने को मिला, जिससे पूरी रामनगरी ‘जय श्री राम’ के उद्घोष से गुंजायमान रही। भक्ति और सामाजिक एकता का संगम आयोजन के संबंध में राजेश महाराज ने बताया कि तीर्थ पुरोहित समाज द्वारा यह यात्रा प्रतिवर्ष निकाली जाती है, परंतु इस वर्ष मंदिर निर्माण की खुशी में इसे अभूतपूर्व भव्यता प्रदान की गई है। राजेश महाराज ने कहा कि यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता और हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को भी दर्शाता है। राम मंदिर निर्माण के बाद इस वर्ष का जन्मोत्सव विशेष है। श्रद्धालुओं का उत्साह देखकर प्रतीत होता है कि पूरी अयोध्या ही इस दिव्य आनंद में सराबोर है। राजेश महाराज अध्यक्ष अयोध्या तीर्थ पुरोहित धर्मार्थ सेवा ट्रस्ट, तीर्थ पुरोहित समाज के प्रमुख दिग्गजों की रही उपस्थिति इस भव्य शोभायात्रा के दौरान अयोध्या के प्रमुख धार्मिक संगठनों के पदाधिकारी और गणमान्य व्यक्ति सम्मिलित हुए, जिनमें मुख्य रूप से दुर्गेश महाराज (अध्यक्ष, अयोध्या तीर्थ पुरोहित समाज सेवा ट्रस्ट) प्रदीप महाराज (अध्यक्ष, लड्डू गोपाल सेवा ट्रस्ट) ओमप्रकाश पांडे (नवनियुक्त अध्यक्ष) रामबरन पांडे, कर्म राज पांडे व अन्य प्रमुख तीर्थ पुरोहित। हजारों की संख्या में उमड़े श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। सुरक्षा के भी कड़े प्रबंध रहे और प्रशासन की चाक-चौबंद व्यवस्था के बीच यात्रा सफलतापूर्वक संपन्न हुई।