बस्ती निवासी दरोगा 20 हजार घूस लेते वाराणसी में गिरफ्तार
● एंटी करप्शन टीम ने काशी विद्यापीठ पुलिस चौकी से दोनों को रंगे हाथ पकड़ा
● दहेज उत्पीड़न का केस खत्म करने के नाम पर मांगे थे 50 हजार रुपये
वाराणसी, भ्रष्टाचार निवारण संगठन की वाराणसी इकाई ने बुधवार को सिगरा थाने के काशी विद्यापीठ चौकी प्रभारी शिवाकर मिश्रा और सिपाही गौरव द्विवेदी को 20 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। दहेज उत्पीड़न का केस खत्म करने के नाम पर विवेचक शिवाकर मिश्रा ने 50 हजार रुपये घूस मांगे थे। आरोप है कि रुपये नहीं देने पर धारा बढ़ाकर जेल भेजने की धमकी दी थी। दोनों आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ लालपुर-पांडेयपुर थाने में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है। डीसीपी काशी जोन गौरव बंसवाल ने दोनों आरोपियों को निलंबित कर दिया है।
सिगरा थाने में चंदुआ (छित्तूपुर) के हरिनगर निवासी ममता गुप्ता ने बीते छह अगस्त को पति प्रह्लाद गुप्ता समेत ससुराल पक्ष के 6 लोगों पर केस दर्ज कराया था। आरोप है कि पूर्व में चोलापुर थाने में दर्ज दहेज उत्पीड़न के मामले में उसका पति एक साल तक जेल में रहा। रिहा होने पर मुकदमा उठाने के लिए पति एवं अन्य ससुरालियों ने उसके साथ मारपीट कर धमकी दी थी। इस केस की विवेचना काशी विद्यापीठ के चौकी प्रभारी शिवाकर मिश्रा कर रहे थे।
केस के आरोपी पति प्रह्लाद गुप्ता ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन के कार्यालय में शिकायत की थी। आरोप था कि विवेचक ने प्रह्लाद गुप्ता को विवेचना के क्रम में चौकी पर बुलवाया था। कहा कि केस खत्म करने के लिए 50 हजार रुपये देने होंगे। रुपये न देने पर धाराएं बढ़ाकर जेल भेजने की धमकी दी थी। पहले 20 हजार रुपये देने के लिए कहा। कहा था कि वह चौकी पर तैनात गौरव द्विवेदी से बात कर उनको ही पैसा दे दें।
शिकायत के आधार पर भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम बुधवार को निरीक्षक सत्यवीर सिंह के नेतृत्व में काशी विद्यापीठ पुलिस चौकी पर पहुंची। साथ में शिकायतकर्ता भी था। शिकायकर्ता प्रह्लाद चौकी प्रभारी शिवाकर मिश्रा से मिला। उन्होंने पैसे की मांग की।
प्रह्लाद गुप्ता ने 20 हजार रुपये निकालकर चौकी प्रभारी को देना चाहा तो उन्होंने वहां मौजूद गौरव द्विवेदी को देने के लिए कहा। जैसे ही प्रह्लाद गुप्ता ने सिपाही गौरव द्विवेदी को रुपये दिए, उसने अपने जैकेट के जेब में रख लिया। इस आधार पर सिपाही तथा चौकी प्रभारी को गिरफ्तार कर लिया गया। शिकायकर्ता प्रह्लाद गुप्ता मूल रूप से चंदौली के अलीनगर के मूगलचक का निवासी है। वह वर्तमान में चोलापुर के गोसाईपुर मोहांव में रहता है।
2019 बैच के दरोगा हैं शिवाकर
आरोपी शिवाकर मिश्रा मूल रूप से बस्ती जिले के निवासी हैं। वह 2019 बैच के दरोगा हैं। वहीं आरोपी सिपाही गौरव द्विवेदी गोरखपुर का मूल निवासी है। साल 2020 में सिपाही भर्ती परीक्षा से नौकरी पाई।