अखंड संकीर्तन और रामार्चा पूजन के साथ शुरू हुए तीन दिवसीय मांगलिक कार्यक्रम; आज निकलेगी प्रभु की भव्य बारात
महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या। (विशेष संवाददाता)
धर्मनगरी अयोध्या के ‘सुर संगीत धाम विवाह मणि मंडप आश्रम’ में फाल्गुन शुक्ल पक्ष की चतुर्थी के पावन अवसर पर शनिवार को श्री सीताराम विवाह के तीन दिवसीय महोत्सव का शुभारंभ हुआ। पूरा आश्रम परिसर ‘सिया-राम’ के जयकारों और मंगल गीतों से गुंजायमान रहा।
अखंड संकीर्तन से भक्तिमय हुआ वातावरण
महोत्सव के प्रथम दिन शनिवार को प्रातः 7 बजे से 24 घंटे का अखंड ‘श्री सीताराम नाम संकीर्तन’ प्रारंभ हुआ। इसके साथ ही संध्या काल 6 बजे से विद्वान आचार्यों के सानिध्य में ‘श्री रामार्चा पूजन’ का आयोजन किया गया, जो देर रात्रि तक चला। भक्तों ने भगवान के चरणों में हाजिरी लगाकर आध्यात्मिक वातावरण का आनंद लिया। आज कनक भवन से प्रस्थान करेगी प्रभु की बारात महोत्सव के मुख्य आकर्षण के रूप में रविवार (22 फरवरी) को भव्य बारात निकाली जाएगी। प्रातः काल से ही आश्रम में हल्दी-मटकोर, गौरी-गणेश कलश पूजन और मंडप छादन की रस्में पूरी की जाएंगी। शाम 4 बजे दूल्हा स्वरूप श्री रामलला घोड़े पर सवार होकर बाजे-गाजे के साथ कनक भवन से प्रस्थान करेंगे। यह शोभायात्रा चक्रवर्ती दशरथ जी के राजमहल, मणिराम दास जी की छावनी और सोना देवी मार्ग होते हुए ‘मिथिला विवाह मणि मंडप’ पहुंचेगी।
पाणिग्रहण संस्कार और होली के साथ होगा समापन आज शाम 5 बजे से रात्रि 11 बजे तक भगवान का दिव्य पाणिग्रहण संस्कार (विवाह) आयोजित होगा। महोत्सव का समापन सोमवार (23 फरवरी) को होगा, जिसमें प्रातः काल ‘कुँअर कलेवा जेवनार’ और संध्या काल में ‘हरिद्रा सिद्धि सदन’ की विशेष होली का आयोजन किया जाएगा। चंचल जी महाराज के सानिध्य में: इस संपूर्ण कार्यक्रम का सफल आयोजन चंचल जी महाराज के मार्गदर्शन में किया जा रहा है।