सपा प्रमुख अखिलेश यादव महाकुंभपहुंचे। संगम में स्नान किया। उनके साथ सपा नेता और कुछ कार्यकर्ता भी मौजूद थे। संगम स्नान करते समय अखिलेश को चारों तरफ से सपा नेताओं ने घेर लिया।
जल पुलिस भी रस्सी का घेरा बनाकर सुरक्षा में मुस्तैद दिखी। स्नान के बाद अखिलेश ने सूर्य को अर्घ्य भी दिया। सपा प्रमुख के साथ उनका बेटा अर्जुन यादव भी था। हालांकि उसने संगम में स्नान नहीं किया। वह रविवार सुबह चार्टर्ड प्लेन से लखनऊ से प्रयागराज एयरपोर्ट पहुंचे।
अखिलेश का स्वागत करने के लिए बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एयरपोर्ट पहुंच गए। इससे वह थोड़ी देर तक कार्यकर्ताओं की भीड़ में फंसे रहे। मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश ने कहा ऊ मुझे 11 डुबकी लगाने का मौका मिला। संगम पर महाकुंभ मनाया जा रहा है। ऐसा संयोग 144 साल बाद आया है। भगवान से यही कामना है कि सौहार्द्र रहे, सहनशीलता रहे। जनता का कल्याण हो, यही कामना है।
अखिलेश ने कहा कि यह बड़ा आयोजन है। हमें याद है कि जब समाजवादी पार्टी की सरकार थी, तब हमें कुंभ कराने का मौका मिला था। तब हमने कम संसाधन में इसे बेहतर तरीके से कराया था। यह बात तमाम स्टडी कहती हैं, हार्वर्ड यूनिवर्सिटी भी कहती है।
अखिलेश यादव पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव के प्रतिमा स्थल पर लगे समाजवादी चिंतन शिविर में जा रहे थे। तभी यूपी किन्नर अखाड़ा की प्रदेश अध्यक्ष महामंडलेश्वर स्वामी कौशल्यानंद गिरि (टीना मां) मिल गईं। उन्हें देखते ही अखिलेश ने गाड़ी रोकी और नीचे उतरे और उनके पांव छुए। महामंडलेश्वर ने पूर्व सीएम अखिलेश यादव को आशीर्वाद दिया। करीब 10 मिनट तक दोनों के बीच बातचीत भी