
अनुराग लक्ष्य, 30 जुलाई
सलीम बस्तवी अज़ीज़ी
मुम्बई संवाददाता।
हादसा ऐसा हुआ है कि तीन ज़िंदा भी नहीं, उड़ता अब आसमां पे कोई परिंदा भी नहीं , बिखरी लाशों को करूं कैसे अब सुपुर्द ए खाक, यही तस्वीर है इस वक्त नवी मुंबई के शाहजबाज गांव की, जहां ग्राउंड प्लस पर स्थित तीन मंजिला इमारत अब सुपुर्द ए खाक हो गई।
मलबे में दबे तीन व्यक्तियों की मौत हो चुकी है। जिसमे मोहम्मद मेराज अल्ताफ हुसैन 30 वर्ष, मिराज सैफ अंसारी 24 वर्ष और शफीक अहमद रहमत अली अंसारी 28 वर्ष के रूप में हुई है।
नगर निगम ने इस मामले में कहा कि यह इमारत लगभग 10 साल पुरानी थी। जिसके दुर्घटना की जांच की जाएगी। उन्होंने आगे यह भी कहा कि इस इमारत में 24 परिवार रहते थे।
इमारत से 24 लोग सुरक्षित निकाले गए। इनमें से एक वेयक्ति का कहना है कि इमारत ढहने से पहले हमने कुछ झटकों और गड़गड़ाहट की आवाज़ के साथ बर्तनों के खनकने की आवाज़ें भी सुनी थीं। आवाज़ सुनते ही मैं लोग बाहर निकल आया और कुछ देर बाद इमारत ढह गई।
इस साल कहर ढाती बारिश की वजह से कई और इलाकों में भी इस तरह के कई हादसे हो चुके हैं।