अनुराग लक्ष्य, 29 अप्रैल
सलीम बस्तवी अज़ीज़ी,
मुम्बई संवाददाता ।
बच्चे भगवान का रूप होते हैं। बच्चे फरिश्ता सिफत होते हैं। इसी तरह हम बचपन से ही अपने बूढ़ों और बुजुर्गों से बच्चों के बारे में ऐसी ही बातें सुनते आ रहे हैं।
लेकिन अफसोस सद अफसोस, इस देश में ऐसे भी शीतान घूम रहे हैं जो इनकी ही मासूम भरी जिंदगी से खिलवाड़ करके इनकी मासूमियत से अपनी जीविका चलाते हुए समाज को गंदा कर रहे हैं।
ताज्जुब तब होता है जब इस पेशे में पेशेवर किरिमनाल के साथ इस धरती का भगवान कहा जाने वाला डॉक्टर भी शामिल हो।
मुंबई पुलिस ने एक ऐसे बच्चे बेचने वाले गिरोह को अपनी चंगुल में धर दबोचा। इस मामले में बॉम्बे पुलिस ने महिला दलालों समेत सात आरोपियों को गिरफ्तार किया जिसमे समाज का एक जिम्मेदार डॉक्टर भी शामिल है।
गिरफ्तार आरोपियों में वंदना अमित पवार, शीतल गणेश वारे, स्नेहा युराज सूर्यवंशी, नसीमा हनीफ खान, लता नाना भाऊ, शरद मारुति देवरे , और संजय सोपानराय शामिल हैं।
आपको बताते चलें कि यह रैकेट फर्टीलीटी एजेंट के रूप काम करने वाली महिलाओं द्वारा संचालित किया जा रहा था। मुंबई पुलिस ने अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए अब तक दो बच्चो की जान बचा ली है।इस साहसिक कदम के लिए मुंबई पुलिस को सलाम।