लखनऊ,। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को सपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने ‘समाजवादी ऑडिट : वेंटिलेटर पर स्वास्थ्य विभाग’ नामक पुस्तिका जारी करते हुए आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को बर्बाद कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग खुद इलाज की जरूरत की स्थिति में पहुंच गया है।अखिलेश यादव ने कहा कि सरकारी अस्पतालों में बड़ी संख्या में पद खाली हैं, जिससे मरीजों को इलाज के लिए परेशान होना पड़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में सरकारी अस्पतालों में करीब 41 प्रतिशत पद रिक्त हैं, डॉक्टरों के लगभग छह हजार तथा नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ के करीब 24 हजार पद खाली हैं। उन्होंने गोरखपुर और रायबरेली एम्स में भी डॉक्टरों की कमी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि सरकार इन संस्थानों को प्रभावी ढंग से संचालित नहीं कर पा रही है।
सपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि चिकित्सकीय लापरवाही के कारण मरीजों की जान जा रही है। उन्होंने कहा कि कई जिलों से इलाज में लापरवाही के कारण जच्चा-बच्चा की मौत और अन्य गंभीर घटनाओं की खबरें सामने आ रही हैं। उन्होंने पुस्तिका में वाराणसी, बस्ती, प्रयागराज, लखनऊ, आगरा सहित विभिन्न मंडलों और जिलों के आंकड़े प्रस्तुत करने का दावा करते हुए कहा कि अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों और अन्य जरूरी संसाधनों की स्थिति भी खराब है।अखिलेश यादव ने कहा कि प्रदेश में सरकारी अस्पतालों की संख्या घट रही है और निजी अस्पताल बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार में गरीबों के मुफ्त इलाज पर विशेष जोर दिया गया था। उन्होंने घोषणा की कि सपा अपने आगामी घोषणा पत्र में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल करेगी। उन्होंने कहा कि सपा सरकार बनने पर गरीबों से अस्पतालों में इलाज के लिए कोई कार्ड नहीं मांगा जाएगा और उनका इलाज मुफ्त किया जाएगा।उन्होंने लखनऊ स्थित कैंसर संस्थान का उल्लेख करते हुए कहा कि समाजवादी सरकार ने विश्वस्तरीय कैंसर संस्थान बनाया था, लेकिन भाजपा सरकार उसका अपेक्षित उपयोग नहीं कर पा रही है। अखिलेश ने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का इलाज बेहद महंगा है और गरीबों को बेहतर एवं सुलभ उपचार उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है।सपा अध्यक्ष ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने शामली में हरियाणा के गायक अंकित बलियान की हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि दिनदहाड़े एक होनहार कलाकार की हत्या गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने हिरासत में मौतों और जंगली पशुओं के हमलों से लोगों की मौत के मामलों को लेकर भी सरकार को घेरा।रक्षाबंधन पर परिवहन व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि मुफ्त बस यात्रा की घोषणा के बावजूद बड़ी संख्या में माताओं और बहनों को बसों के लिए परेशान होना पड़ा। उन्होंने कहा कि सरकार केवल दावे करती रही, जबकि जमीनी स्तर पर पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई।जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर को लेकर अखिलेश यादव ने कहा कि जेपीएनआईसी से समाजवादियों का भावनात्मक लगाव है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने इस महत्वपूर्ण भवन को बेचने का निर्णय लिया है, जबकि इसमें पार्किंग, खेल और अन्य आधुनिक सुविधाएं मौजूद हैं। उन्होंने दावा किया कि भवन में करीब 1,200 वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था है और सरकार ने इसकी वास्तविक उपयोगिता को नजरअंदाज किया है। उन्होंने सरकार पर अन्य सार्वजनिक संपत्तियों को भी बेचने का आरोप लगाया।अखिलेश यादव ने महंगाई को लेकर कहा कि चीनी, पेट्रोल, डीजल और खाद्य पदार्थों की कीमतें बढ़ गई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार में कमीशनखोरी और मिलावटखोरी बढ़ी है। सपा सरकार बनने पर डॉ. राम मनोहर लोहिया की ‘दाम बांधो’ नीति लागू कर आवश्यक वस्तुओं की कीमतें कम करने का दावा किया।उन्होंने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर भी भाजपा पर निशाना साधते हुए मतदाता सूची में गड़बड़ी का आरोप लगाया और कार्यकर्ताओं एवं जनता से सतर्क रहने की अपील की। अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव में अब ज्यादा समय नहीं बचा है और आने वाले महीनों में राजनीतिक गतिविधियां तेज होंगी।सपा अध्यक्ष ने भाजपा सरकार पर भ्रष्टाचार और पक्षपात के आरोप लगाते हुए कहा कि जनता सब देख रही है और आने वाले समय में इसका जवाब देगी। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों और कथित भ्रष्टाचार का सच एक दिन जनता के सामने पूरी तरह उजागर होगा।