वसंत पंचमी पर आराधिका साहित्यिक मंच की भव्य काव्य गोष्ठी संपन्न 

वसंत पंचमी पर आराधिका साहित्यिक मंच की भव्य काव्य गोष्ठी संपन्न

 

आराधिका साहित्यिक मंच (पंजी.) के तत्वावधान में 23 जनवरी’ 2026 को 58 वीं भव्य आभासी काव्य गोष्ठी का आयोजन ‘वसंत पंचमी’ को केंद्र में रखकर आयोजित किया गया। जो 4.00 बजे से रात्रि लगभग 07:35 बजे तक निरंतर गतिमान रहकर भव्यता के साथ संपन्न हुई।

काव्यगोष्ठी का शुभारंभ वरिष्ठ कवयित्री/ शिक्षिका कवयित्री शशिकला श्रीवास्तव की संगीतमयी वाणी वंदना से हुआ। तत्पश्चात मंच उद्बोधन प्रस्तुत करते हुए महासचिव सुधीर श्रीवास्तव ने बसंत पंचमी की बधाइयां शुभकामनाएं देते हुए मंच के प्रति सभी की शुभेच्छाओं सहित उपस्थित के लिए कृतज्ञता व्यक्त करते हुए मंच के निरंतर प्रयासों का विश्वास व्यक्त किया। संस्थापिका डा. निधी बोथरा जैन ने वसंत पंचमी के परिप्रेक्ष्य में अपने विचार रखने के साथ कहा मंच की प्रगति हेतु सभी के सहयोग से सतत् आगे ले जाने का सतत प्रयास जारी रखते हुए मिलकर काम करना है।मंच उपाध्यक्ष डॉ ओम ऋषि भारद्वाज ने वसंत पंचमी की महत्ता पर करते हुए सभी का स्वागत किया । मंच सलाहकार डा. अनीता बाजपाई ने उपस्थित कवियों कवयित्रियों का अभिनन्दन करते हुए अपने विचार एवं आयोजन की महत्ता को रेखांकित करते हुए शब्द सुमन प्रस्तुत किया।

तत्पश्चात् काव्य पाठ का सिलसिला शुरू हुआ। लगभग 32 कवियों कवयित्रियों ने वसंत पंचमी के परिप्रेक्ष्य में अपनी प्रस्तुतियों से काव्य गोष्ठी को ऊँचाइयों तक पहुँचाया। डॉ. निधी बोथरा जैन, यमराज मित्र सुधीर श्रीवास्तव और डा. अनीता बाजपाई ने कुशल मंच संचालन के द्वारा काव्यगोष्ठी को ऊँचाइयाँ प्रदान की।

आयोजन को सफल बनाने में मंच के पदाधिकारियों / वरिष्ठ कवियों कवयित्रियों सहित हेमंत सक्सेना , कृष्ण कुमार गुप्ता, मंजू दलाल मंज्जरी, ललित तिवारी की पूरे समय उपस्थित का सराहनीय योगदान रहा। सभी पदाधिकारियों और शुभचिंतकों की सक्रिय, गरिमामयी उपस्थिति से आयोजन को सफल बनाने में सफलता प्राप्त हुई।

और अंत में डा. ओम ऋषि भारद्वाज ने अतिथियों, साहित्यकारों का आभार ज्ञापित किया और अनीता बाजपाई ने भव्य काव्य गोष्ठी के विराम की घोषणा की।