पुष्टाहार वितरण में अनियमितता को लेकर हर्रैया तहसील परिसर में महिलाओं का प्रदर्शन तीन वर्षों से मानदेय व माल ढुलाई भाड़ा लंबित

पुष्टाहार वितरण में अनियमितता को लेकर हर्रैया तहसील परिसर में महिलाओं का प्रदर्शन तीन वर्षों से मानदेय व माल ढुलाई भाड़ा लंबित

रिपोर्टर शक्ति शरण उपाध्याय

बस्ती | पुष्टाहार वितरण से जुड़ी समस्याओं को लेकर सोमवार को हर्रैया तहसील परिसर में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने एकत्र होकर प्रशासन के समक्ष अपनी पीड़ा रखी। महिलाओं का आरोप है कि वे विगत कई वर्षों से शासन द्वारा चयनित समूह के अंतर्गत पुष्टाहार वितरण का कार्य कर रही हैं, लेकिन अक्टूबर 2022 के बाद से उन्हें न तो माल ढुलाई भाड़ा मिला है और न ही प्रतिमाह देय मानदेय का भुगतान किया गया है। महिलाओं ने बताया कि स्थानीय स्तर पर सीडीओ कार्यालय से आवंटित समूहों को पुष्टाहार न देकर कई बार सीधे आंगनबाड़ी केंद्रों को दे दिया जाता है। जब समूहों को पुष्टाहार प्राप्त होता है, तो उसमें निर्धारित मात्रा से कम सामग्री दी जाती है। इससे गांवों में वितरण व्यवस्था प्रभावित हो रही है और लाभार्थियों के आक्रोश का सामना भी महिलाओं को करना पड़ता है। प्रदर्शनकारी महिलाओं ने यह भी बताया कि 11 दिसंबर 2025 को वे खंड विकास अधिकारी हर्रैया से मिलकर अपनी समस्याएं रख चुकी हैं, जहां से एक सप्ताह के भीतर माल ढुलाई भाड़ा भुगतान का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।

महिलाओं ने जिलाधिकारी बस्ती को संबोधित ज्ञापन सौंपते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराने, लंबित मानदेय व माल ढुलाई भाड़ा का भुगतान सुनिश्चित करने तथा पूर्ण मात्रा में पुष्टाहार उपलब्ध कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।