बस्ती – विजय प्रताप इण्टर कालेज महसों के प्रांगण में विजय प्रताप इण्टर कालेज के संस्थापक स्व. राजा कैलाशनाथ बहादुर पाल की स्मृति में भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया । जिसकी अध्यक्षता स्व० राजा कैलाश नाथ बहादुर पाल के छोटे सुपुत्र आशुतोष बहादुर पाल उर्फ छोटे बाबा साहब के द्वारा किया गया । मुख्य अतिथि के रूप में साहित्य भूषण रामनरेश सिंह मंजुल व विशिष्ट अतिथि विद्वान शत्रुघ्न सिंह रहे एवं संचालन का कार्य भार कवि दीपक सिंह प्रेमी ने किया। अध्यक्ष के द्वारा माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई जिसमे बस्ती जनपद के जाने-माने कवि एवं साहित्यकारों ने अपनी रचनाएं पढ़कर विद्यालय के बच्चों एवं उपास्थित जन समुदाय को हर्ष विभोर कर दिया। मुख्य अतिथि रामनरेश सिंह मंजुल ने कई रचनाएं सुना कर आशीर्वाद देते हुए कहा कि साहित्य कार एवं कवि ही समय समय पर समाज को जगाने का कार्य करते हैं । विशिष्ट अतिथि शत्रुघ्न सिंह ने कहा कि कवियों ने सदियों से समाज को नई दिशा देने का काम किया है। कवि विनोद उपाध्याय हर्षित ने बस्ती की गाथा सुनकर शमा बाधकर भाव विभोर कर दिया । कवि तौआब अली ने कोमी एकता’ पर बेहद सुन्दर गीत पढ़ा कवि राजेंद्र सिंह राही ने आदमी करता नहीं क्यों आदमी से प्यार अब ” पढ़कर आज के समाज की दशा को चिंहित किया। कवि डाक्टर अजीत श्रीवास्तव राज ने ” हे प्रिय मेरी प्रिय तुम क्या तुम्हें अनुभव नहीं है ” पढ़कर प्रेम का संदेश दिया। कवि हरिकेश प्रजापति ने मुश्किलों में जो गिर कर संभल जाते. है, ने सुनाकर लोगों में नई ऊर्जा भरने का काम किया । कवि दीपक सिंह प्रेमी ने राधा-कृष्ण के प्रेम को चिन्हित किया। इसके साथ ही राकेश राही, शाद अहमद साद, रवि गुप्ता, आदि ने बारी बारी से अपनी रचनाएं पढ़ी . अंत में कार्यक्रम के आयोजक विद्यालय के प्रधानाचार्य डा० विनोद कुमार राय के द्वारा कवियों को अंगवस्त्र , स्मृति चिन्ह एवं सम्मान पत्र आदि देकर सम्मानित किया , तथा सबका आभार व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम में विद्यालय परिवार के , मयंक मिश्र, विशाल पाण्डेय डा० बेचन यादव , विनीता श्रीवास्तव, रितेश चन्द्र, विनय सिंह, रमेश कटियार , कमलेश सिंह, अजय कुमार पाण्डेय, विपिन कुमार पाण्डेय एवम् सम्पूर्ण विद्यालय परिवार की उपस्थिति रही ।