
अनुराग लक्ष्य, 31 जनवरी
सलीम बस्तवी अज़ीज़ी,
मुंबई संवाददाता ।
अंग्रेज़ी हुकूमत का दिया हुआ नाम वी टी जिसे हम और आप विक्टोरिया टर्मिनस के नाम से जानते थे, लेकिन अब उसे छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस के नाम से जानते हैं। यह बात तो समझ में आती है कि विक्टोरिया टर्मिनस अंग्रेज़ों ने केयों नाम दिया था, लेकिन सायन रेलवे स्टेशन का नाम क्यों पड़ा, यह आज भी एक रहस्य है। यह अलग बात है कि जिसे हम और आप सायन रेलवे स्टेशन कहते हैं, उसको हम और आप शिव के नाम से जानते हैं।
पिछले कई खबरों में आपने पढ़ा होगा कि सायन रेलवे ब्रिज का काम शुरू होने जा रहा है और बैरिकेटिंग का काम भी शुरू हो चुका था। साथ ही यातायात की बहाली के लिए डायवर्जन की परिकिर्या भी शुरू हो चुकी थी। लेकिन किन कारणों से सारे काम ठप पड़ चुके हैं, इसकी कोई ठोस जानकारी फिलहाल नहीं मिल पा रही है। हां एक बात ज़रूर दिखाई दे रही है कि सायन रेलवे स्टेशन रोड गैलरी में तब्दील हो चुकी है जिससे आने जाने वालों और यात्रियों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।