आर्य समाज नई बाजार बस्ती में ‘बड़ा रविवार’ पर वैदिक सत्संग, यज्ञ एवं सूर्य नमस्कार कर की सूर्योपासना
लवकुश सिंह संवाददाता
अनुराग लक्ष्य न्यूज बस्ती
बस्ती। आर्य समाज नई बाजार बस्ती में ‘बड़ा रविवार’ के पावन अवसर पर एक विशेष वैदिक सत्संग एवं योग कार्यक्रम का आयोजन श्रद्धा और उत्साह के साथ किया गया। इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने योगाचार्य गरुण ध्वज पाण्डेय के नेतृत्व में सूर्य उपासना करते हुए वैदिक विधि से यज्ञ किया तथा निरोगी जीवन के लिए सामूहिक सूर्य नमस्कार योग का अभ्यास किया।
योगाचार्य गरुड़ ध्वज पाण्डेय के ब्रह्मत्व में संपन्न हुए इस कार्यक्रम में योग शिक्षिका कामना पाण्डेय मुख्य यजमान तथा योग शिक्षिका नीलम मिश्रा एवं शताक्षी मिश्रा सहायक यजमान के रूप में उपस्थित रहीं।
यज्ञ एवं सत्संग को संबोधित करते हुए योगाचार्य ने सूर्य उपासना के आध्यात्मिक, मानसिक एवं वैज्ञानिक महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि दैनिक संध्या व उपासना के मंत्रों में हम सूर्यदेव की आराधना करते हुए ऋग्वेद के अमर वाक्य “सूर्य आत्मा जगतस्तस्थुषश्च” का उद्घोष करते हैं। इसका स्पष्ट अर्थ है कि सूर्य ही संपूर्ण चराचर सजीव व निर्जीव संसार की आत्मा हैं और उनकी उपस्थिति ही धरती पर जीवन का मुख्य आधार है।
वैदिक प्रमाण देते हुए कहा कि शास्त्रों में ‘आरोग्यं भास्करादिच्छेत्’ कहा गया है, अर्थात स्वस्थ शरीर और दीर्घायु की प्राप्ति सूर्यदेव की कृपा और उनकी किरणों के सेवन से ही संभव है। आधुनिक विज्ञान भी स्वीकार करता है कि प्रातःकालीन सूर्य की किरणें विटामिन-डी का सर्वोत्तम स्रोत हैं, जो अस्थियों एवं रोग प्रतिरोधक क्षमता को सुदृढ़ बनाती हैं।
योग शिक्षिका कामना पाण्डेय ने बताया कि सूर्य नमस्कार केवल एक शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि सूर्य की किरणों के सान्निध्य में की जाने वाली सर्वांगीण साधना है। इससे शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है, मानसिक तनाव दूर होता है और आत्मबल में वृद्धि होती है।
योग शिक्षिका नीलम मिश्रा ने लोगों को प्रतिदिन सूर्य को अर्घ्य देने, सूर्य नमस्कार करने तथा सात्विक जीवन शैली अपनाने का सुझाव दिया। इस अवसर पर नितेश कुमार, महिमा आर्य, मनीषा आर्य, अविरल गुप्ता, उपेंद्र शर्मा, गणेश आर्य, विश्वनाथ आर्य, रिमझिम, राजेश्वरी, दृष्टि, नैनसी, धर्मेंद्र कुमार गुप्ता, राधा देवी, शिव श्याम सहित बस्ती शहर के अनेक गणमान्य नागरिक, योगाभ्यासी एवं आर्य समाज से जुड़े श्रद्धालु उपस्थित रहे।