आरक्षण, एससी/एसटी एक्ट और यूजीसी एक्ट के विरोध में सनातन समाज पार्टी का जंतर-मंतर पर ऐतिहासिक धरना प्रदर्शन

 

महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या/नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर आज सनातन समाज पार्टी (ससपा) के बैनर तले आरक्षण, एससी/एसटी एक्ट और यूजीसी एक्ट के खिलाफ एक विशाल और ऐतिहासिक धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया। देश के विभिन्न राज्यों से आए पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और देश में “समान अधिकार, समान कानून तथा न्यायपूर्ण व्यवस्था” लागू करने की पुरजोर मांग उठाई। कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण एवं नेतृत्व
प्रमुख नेतृत्व: इस धरना प्रदर्शन का नेतृत्व पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री आलोक शर्मा ने किया। संस्थापक का उद्बोधन: कार्यक्रम के मुख्य वक्ता और पार्टी संस्थापक डॉ. श्री वत्साचार्य जी महाराज ने जंतर-मंतर से एक सारगर्भित और प्रेरणादायक उद्बोधन दिया। उनके इस वक्तव्य को वहां मौजूद सुरक्षा बलों और पुलिस अधिकारियों ने भी पूरी गंभीरता के साथ सुना।
प्रमुख वक्ता व पदाधिकारी: कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय महासचिव श्री सुनील कुमार शर्मा, उत्तर प्रदेश प्रभारी श्री रजनीश पांडेय, सचिव एवं मीडिया प्रभारी श्री राजुल सिंह, राष्ट्रीय अध्यक्ष किसान मोर्चा श्री प्रमोद पांडेय के साथ-साथ दिल्ली, पंजाब और उत्तराखंड के प्रदेश अध्यक्षों ने भी अपने विचार रखे। मंच संचालन: मंच का कुशल संचालन श्री राजुल सिंह द्वारा किया गया, जिन्होंने कार्यक्रम को बेहद व्यवस्थित रूप से आगे बढ़ाया। ससपा का मुख्य संकल्प धरना प्रदर्शन के दौरान सनातन समाज पार्टी के नेताओं ने दो टूक शब्दों में कहा कि देश में जातिगत या वर्ग आधारित व्यवस्था के बजाय हर नागरिक के लिए एक समान नियम होने चाहिए। पार्टी ने लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीकों से अपनी आवाज बुलंद करते हुए दोहराया कि उनका यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक देश में समान अधिकार, समान कानून और न्यायपूर्ण व्यवस्था की स्थापना नहीं हो जाती।