चिकित्सक डा जीपी शुक्ला ने बचाई मासूम की जान, पेट से निकाला दो रुपये का सिक्का

• केजीएमयू के डीएम गैस्ट्रो विभाग के चिकित्सक द्वारा सफल उपचार के बाद स्वस्थ हुए बालक

बस्ती। कोतवाली थाना क्षेत्र के निपनिया गांव निवासी चार वर्षीय ओम नारायण मिश्र पुत्र विजय नाथ के पेट में फंसा दो रुपये का सिक्का लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के चिकित्सकों ने जिला अस्पताल चौराहे के पास सुलक्ष्मी टावर में संचालित अपने टीएन मेमोरियल हॉस्पिटल में तत्परता दिखाते हुए टीम के साथ ओटी में बालक को ले गये और सफलतापूर्वक दो रुपये का सिक्का बाहर निकले। जिससे बच्चा स्वस्थ्य हुआ और परिजनों के चेहरे पर मुस्कुराहट की खुशी छा गई।

      निपानिया गांव निवासी विजयनाथ मिश्र के पुत्र ओम नारायण ने खेल-खेल में दो रुपये का सिक्का निगल लिया। इसके बाद उसे पेट में परेशानी शुरु होने लगी। परिजन तत्काल उपचार के लिए उनके टीएन मेमोरियल हॉस्पिटल  बस्ती में ले कर पहुंचे। डीएम गैस्ट्रो विभाग के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. जी.पी. शुक्ला एवं उनकी टीम ने आधुनिक तकनीक और विशेष चिकित्सा प्रक्रिया के माध्यम से सिक्के को बिना ऑपरेशन किये सुरक्षित बाहर निकाला। सफल उपचार के बाद बालक पूरी तरह स्वस्थ है और उसे अस्पताल से परिजन घर ले गये।

      बालक के स्वजनों ने डॉ. शुक्ला और उनकी पूरी टीम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि चिकित्सकों की तत्परता और कुशल उपचार से उनके बच्चे को नया जीवन मिला है। इस उपलब्धि पर निपानिया गांव सहित पूरे जनपद में खुशी का माहौल है तथा लोग चिकित्सकों के मानवीय और उत्कृष्ट कार्य की प्रशंसा कर रहे हैं।

      डा जीपी शुक्ला ने बताया कि जनपद में जब से सेवा दे रहा हूं तब से तीसरी बार बच्चों के पेट में फंसे सिक्के को बाहर निकला हूं। अभिभावक छोटे बच्चों को सिक्के, बैटरी, पिन तथा अन्य छोटी वस्तुओं से दूर रखें, जिससे इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।