परीक्षा पे चर्चा 2026 का सजीव प्रसारण, सरस्वती विद्या मंदिर रामबाग-बस्ती में उत्साहपूर्ण वातावरण
“सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता
बस्ती। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा आयोजित “परीक्षा पे चर्चा 2026” के 9वें संस्करण का सजीव प्रसारण सरस्वती विद्या मंदिर, रामबाग-बस्ती में डिजिटल बोर्ड के माध्यम से उत्साहपूर्ण वातावरण में देखा गया। कार्यक्रम सीबीएसई सिटी कोऑर्डिनेटर एवं विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री गोविन्द सिंह जी के नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें विद्यालय परिवार, छात्र-छात्राएं तथा अभिभावकों ने सक्रिय सहभागिता की।
विद्यालय की सभी कक्षाओं में डिजिटल बोर्ड के माध्यम से कार्यक्रम का सजीव प्रसारण दिखाया गया, जबकि अनेक अभिभावकों ने यूट्यूब के माध्यम से भी कार्यक्रम का अवलोकन किया। छात्रों ने प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए प्रेरणादायक संदेशों को ध्यानपूर्वक सुना और उन्हें अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने छात्रों से संवाद करते हुए कहा कि परीक्षा केवल अंक प्राप्त करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह जीवन निर्माण और व्यक्तित्व विकास की प्रक्रिया है। उन्होंने छात्रों से वर्ष 2047 तक विकसित भारत बनाने का सपना अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि आज की मेहनत ही भविष्य के भारत की मजबूत नींव बनेगी।
उन्होंने आत्मविश्वास को सफलता की कुंजी बताते हुए कहा कि अपने कार्य पर विश्वास रखने से भय समाप्त हो जाता है। साथ ही छात्रों को कौशल और अंक के बीच संतुलन बनाए रखने की सलाह दी तथा “मार्क्स-मार्क्स की मानसिकता” से बचने का संदेश दिया।
स्वदेशी उत्पादों को अपनाने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि विदेशी वस्तुओं पर निर्भरता कम कर भारतीय उत्पादों को अपनाने से देश की आत्मनिर्भरता मजबूत होगी। तकनीक और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) को अध्ययन में सहायक साधन बताते हुए उन्होंने निरंतर परिश्रम को सफलता का मूल आधार बताया।
उन्होंने यह भी कहा कि सपने देखना आवश्यक है, लेकिन उन्हें साकार करने के लिए निरंतर कर्म और प्रयास अनिवार्य हैं। उनके विचारों से छात्रों में आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता का भाव जागृत हुआ।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री गोविन्द सिंह जी ने कहा कि विद्यार्थियों को परीक्षा को बोझ नहीं, बल्कि अवसर के रूप में देखना चाहिए। उन्होंने छात्रों को नियमित अध्ययन, समय प्रबंधन और अनुशासन अपनाने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि “सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। निरंतर अभ्यास, सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास ही विद्यार्थियों को लक्ष्य तक पहुंचाते हैं।”
इस अवसर पर विद्यालय के उप-प्रधानाचार्य श्री विजय नारायण उपाध्याय, श्री आशीष सिंह, श्री अश्विनी पाण्डेय, डॉ. राजन श्रीवास्तव, श्री रणजीत सिंह, अंकित कुमार गुप्ता सहित समस्त शिक्षकगण उपस्थित रहे।