अयोध्या में 10वें दीपोत्सव की तैयारियां अंतिम चरण में, 30 लाख से अधिक दीयों से जगमगाएगी राम की पैड़ी

 

महेन्द्र कुमार उपाध्याय
अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में सात नवंबर को आयोजित होने वाले 10वें दीपोत्सव की तैयारियां अपने अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। राम की पैड़ी से लेकर सरयू तट और रामकथा पार्क तक आयोजन को अलौकिक रूप देने का काम तेजी से किया जा रहा है। अयोध्या के महापौर गिरीश पति त्रिपाठी ने बताया कि इस बार का दीपोत्सव अब तक का सबसे भव्य और ऐतिहासिक दीपोत्सव होगा। हर साल की तरह इस बार भी आयोजन एक नया कीर्तिमान स्थापित करने जा रहा है। 35 हजार स्वयंसेवक सजा रहे 30 लाख दीप महापौर के अनुसार, इस वर्ष राम की पैड़ी पर 30 लाख से अधिक दीप प्रज्ज्वलित करने का लक्ष्य रखा गया है। इस भव्य कार्य को पूरा करने के लिए 35 हजार से अधिक स्वयंसेवक दिन-रात मेहनत कर रहे हैं। घाटों पर दीयों को क्रमबद्ध तरीके से सजाने का काम लगभग पूरा हो चुका है और अब दीयों की गिनती शुरू की जाएगी। सात नवंबर की सुबह से ही दीयों में तेल और बाती डालने का काम शुरू हो जाएगा।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन होंगे मुख्य अतिथि दीपोत्सव के मुख्य कार्यक्रम रामकथा पार्क में आयोजित किए जाएंगे, जहां भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक का भव्य मंचन होगा। इसके पश्चात सरयू तट पर महाआरती का आयोजन किया जाएगा। आयोजन को अधिक आकर्षक बनाने के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम, साउंड एंड लाइट शो और भव्य ड्रोन शो का भी आयोजन किया जाएगा।
इस वर्ष दीपोत्सव में देश के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनके साथ प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, विभिन्न देशों के राजदूत और कई अन्य विशिष्ट अतिथि भी इस पावन अवसर के साक्षी बनेंगे।
वैश्विक स्तर पर प्रचार-प्रसार
दीपोत्सव की गूंज देश-विदेश तक पहुंचाने के लिए एलाइन मीडिया एलएलपी सहित विभिन्न माध्यम व्यापक प्रचार-प्रसार में लगे हुए हैं। महापौर त्रिपाठी ने कहा कि दीपोत्सव अब सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर अयोध्या की सांस्कृतिक पहचान और प्रतिष्ठा का प्रतीक बन चुका है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में इसकी भव्यता और अधिक बढ़ेगी।