मकस कहानिका उत्तराखंड अध्याय द्वारा आभासी कवि सम्मेलन सम्पन्न

मकस कहानिका उत्तराखंड अध्याय द्वारा आभासी कवि सम्मेलन सम्पन्न

 

शिखा गोस्वामी ‘निहारिका’

 

मकस कहानिका के उत्तराखंड अध्याय द्वारा नवरात्र विषय पर दिनांक_ 04 अक्टूबर 2026 दिन रविवार संध्या 6.00 बजे से एक आभासी अंतर्राष्ट्रीय कवि सम्मेलन का भव्य और सफल आयोजन गूगल मिट पर किया गया।

जिसमें मुख्य अतिथि के तुम में लेफ्टिनेंट कर्नल मनमोहन ठाकुर दिल्ली ने भाग लेकर आयोजन की शोभा बढ़ाया ।अपने उदबोधन में कर्नल ने कहा कि साहित्यकार अपनी कलम के माध्यम से भी राष्ट्र के लिए युद्ध लड़ सकते हैं।

साथ ही उन्होंने अपने युद्ध के अनुभवों के बारे में भी बताया।

सभा अध्यक्ष श्याम कुंवर भारती ने कहा कि कहानिका पत्रिका के सभी राज्यों के नाम से अलग अलग ग्रुप निर्मित किए गए हैं जिसमें देश निदेश के हजारों कवि और साहित्यकार जुड़े हुए हैं।

पत्रिका द्वारा नियमित आफलाइन और ऑनलाइन कार्यक्रम देश विदेश में किये जा रहे हैं।इसी कड़ी में अगला ऑफलाइन कवि सम्मेलन 29 नवंबर 2026 को जम्मू कश्मीर में अखिल भारतीय स्तर का होने जा रहा है जिसमें देश के कई राज्यों के कवि भाग लेंगे।

आप सभी इसमें बढ़ चढ़कर भाग ले और कवि सम्मेलन को सफल बनाए।प्रकाशन और प्रतियोगिताओं का भी कार्य किया जा रहा है।साहित्यकारों के प्रचार प्रसार और प्रोत्साहन हेतु ।इसी क्रम में संस्था अब फिल्म और सीरियल निर्माण भी प्रारंभ करने जा रही है जिसमें संस्था से जुड़े सदस्यों को अवसर दिया जाएगा।

अंतर्राष्ट्रीय संयोजक जय कृष्ण मिश्रा दुबई ने कहा कि कहानिका के सभी कार्य सराहनीय और अनुकरणीय होते हैं।इससे सबको जुड़कर लाभ उठाना चाहिए।

उत्तराखंड के राज्य प्रभारी आचार्य संतोष ब्यास ने साहित्य को समाज का दर्पण कहा ।संगीत और साहित्य से समाज में संस्कार और संस्कृति का प्रचार प्रसार होता है।

कार्यक्रम का प्रारंभ आचार्य संतोष ब्यास ऋषिकेश उत्तराखंड ने मंच संचालन से किया ।

सरस्वती वंदना – डॉ प्रियंका भट्ट प्रिया जी, गणेश वंदना – डॉ रचना कुंदनानी जी,देवी गीत – श्याम कुंवर भारती, स्वागत गीत विश्वम्भरी भट्ट जी, स्वागत भाषण – रश्मि पैन्यूली उप – संपादक जी और अंत में अतिथियों और कवियों का धन्यवाद ज्ञापन आचार्य संतोष व्यास राज्य प्रभारी उत्तराखंड ने किया।

आभासी कवि सम्मेलन में देश विदेश के जिन प्रतिष्ठित और अनुभवी कवियों ने भाग लेकर अपनी मधुर स्वर में काव्य पाठ का रस घोला और माता के नाम स्तुतियां प्रस्तुत किया जिससे पूरा माहौल भक्ति मय हो गया।सबने खूब तालियां बटोरा।उनमें से मुख्य रूप से डॉ. प्रियंका भट्ट “प्रिया”,

बिशम्बरी भट्ट ,आस्था रतूड़ी, किरण त्यागी “मुश्कान”,

हिमांशु शर्मा “मृणालिका”, डॉ रचना कुंदनानी,

शजनार्दन प्रसाद उनियाल “प्रतीक”, ,.डॉ. रश्मि पैन्यूली,

कुसुम व्यास नौटियाल, डॉ. सविता रतूड़ी ऋषिनंदिनी

श्रीमती आशा भट्ट “कुमुदिनी”जी आचार्य संतोष व्यास (सभी ऋषिकेश उत्तराखंड), प्रीतम कुमार झा वैशाली, रेखा नेमा सिवनी, डॉ दिवाकर पाठक, हजारीबाग झारखंड, सीमा मुकुंद अग्रवाल रायपुर, जय कृष्ण मिश्रा दुबई, श्याम कुंवर भारती, बोकारो, सुधीर कुमार श्रीवास्तव गोण्डा और स्नेहलता पाण्डेय दिल्ली ने भाग लिया।