जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने वाले दो वांछित गिरफ्तार, पिस्टल-कारतूस बरामद
उमिला फायरिंग कांड का खुलासा, डड़वा नहर के पास दबोचे गए प्रियान्शु उर्फ टायसन दूबे और शिवानन्द यादव
संदीप कुमार मीना के निर्देश पर बड़ी कार्रवाई, पुलिस टीम को 25 हजार रुपये पुरस्कार देने की घोषणा
जितेन्द्र पाठक
संतकबीरनगर। अपराध एवं अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली खलीलाबाद पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने के मामले में वांछित दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त एक अवैध .32 बोर पिस्टल, दो जिंदा कारतूस .32 बोर, एक अपाचे मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और 400 रुपये नकद बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद प्रियम राजशेखर पाण्डेय के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। प्रभारी निरीक्षक कोतवाली खलीलाबाद जय प्रकाश दुबे तथा एसओजी प्रभारी रजनीश राय के नेतृत्व में गठित टीम ने दोनों अभियुक्तों को डड़वा नहर के पास गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान प्रियान्शु उर्फ टायसन दूबे पुत्र दिनेश कुमार, निवासी अरई, थाना मुंडेरवा, जनपद बस्ती, हाल मुकाम गोरखल, गैस गोदाम के निकट, थाना कोतवाली खलीलाबाद तथा शिवानन्द यादव उर्फ डब्लू पुत्र रामफेर, निवासी मोहद्दीनपुर, थाना कोतवाली खलीलाबाद, जनपद संतकबीरनगर के रूप में हुई है।
21 सितंबर को उमिला में हुई थी फायरिंग
पुलिस के अनुसार 21 सितंबर 2026 को अपूर्वा इंटर कॉलेज, उमिला के पास दो युवकों पर फायरिंग की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही कोतवाली खलीलाबाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। मौके से दो खोखा कारतूस .32 बोर बरामद हुए, जिनके पेंदे पर 7.65 KF अंकित था। फील्ड यूनिट ने घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण करते हुए खोखा कारतूसों को कब्जे में लेकर सील किया था।
प्रार्थना पत्र के आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस के मुताबिक इस मामले में 22 सितंबर को नंदकिशोर उर्फ सोनू शर्मा पुत्र परमात्मा प्रसाद, निवासी थवईपार, थाना कोतवाली खलीलाबाद को गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा जा चुका है।
वर्चस्व कायम करने को बनाई थी फायरिंग की योजना
पुलिस के अनुसार पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्तों ने बताया कि वे नंदकिशोर उर्फ सोनू शर्मा और दो अन्य साथियों के साथ घनिष्ठ मित्र हैं। 21 सितंबर को सभी लोग गोरखल स्थित एक कमरे पर एकत्र हुए थे। रमन और हरिओम द्वारा एक युवक से मारपीट किए जाने की बात पर उन्हें समझाया गया, जिस पर कथित रूप से उनकी बेइज्जती की गई। इसके बाद सभी ने रमन और हरिओम के मिलने पर उन्हें खत्म करने की योजना बनाई।
पुलिस के मुताबिक योजना के तहत आरोपी नंदकिशोर की पल्सर और एक अन्य स्प्लेंडर मोटरसाइकिल से उमिला पहुंचे। करीब 7:30 बजे रमन और हरिओम मोटरसाइकिल से आते दिखाई दिए। आरोप है कि दोनों को देखकर वे भागने लगे, जिन्हें करीब 100-150 मीटर बाद रोककर मारपीट की गई। इसी दौरान शिवानन्द यादव उर्फ डब्लू ने दोनों पर जान से मारने की नीयत से फायर किया, हालांकि दोनों बाल-बाल बच गए।
इन धाराओं की हुई बढ़ोतरी
गिरफ्तारी और बरामदगी के आधार पर मुकदमे में धारा 61(2), 352, 351(3), 3(5) बीएनएस तथा धारा 3/25/27 आर्म्स एक्ट की बढ़ोतरी की गई है।
पुलिस टीम को 25 हजार रुपये पुरस्कार
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक प्रभांशु कुमार राय, हेड कांस्टेबल मो. यूसूफ, कांस्टेबल मुकेश यादव, राघवेन्द्र प्रताप सिंह और सचिन कुमार थाना कोतवाली खलीलाबाद शामिल रहे।
एसओजी टीम में प्रभारी उपनिरीक्षक रजनीश राय, हेड कांस्टेबल अनुप कुमार राय, कांस्टेबल दीपक सिंह, अभिषेक सिंह, सर्वेश मिश्रा, विवेक राय और शुभम सिंह शामिल रहे।
पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने गिरफ्तारी एवं बरामदगी करने वाली पुलिस टीम का उत्साहवर्धन करने के लिए 25 हजार रुपये नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है।