कृष्ण जन्माष्टमी पर -संजुला सिंह

_____मेरे कान्हा_____

कृष्णा जिनका नाम है

गोकुल जिनका धाम है

देखो आज उनका आया

प्यारा जन्म -दिन महान है।

आओ मिलकर झूमें गाएं

अपने घर – आंगन को सजाएं

बड़ा ही पावन दिन है आया

सब के हृदय उमंग जगाया ।

इनके आने से होगा मंगल

पर राक्षस हो जाए चंगल

हम सब तक रहे इनकी राह

दिल में है बस इनकी चाह ।

जल्दी से अब आओ कान्हा

और ना देर लगाओ कान्हा

हम गोपियों की सुनो पुकार

जल्दी आओ हे सरकार ।

आस लगाए बैठे हैं हम

थाल सजाए बैठे हैं हम

माखन – मिश्री हाथ लिए हैं

मुख से तुझे पुकार रहे हैं।

नैना थक गए देखो कान्हा

जल्दी आओ हे मेरे कान्हा

देर बहुत पहले ही बहुत भई

अब ना देर लगाओ कान्हा ।

आकर अपना भार संभालो

संतों का बेरा पार लगाओ

हमरी भी तुम सुन लो कान्हा

दुखड़े दूर करो मेरे कान्हा ।

आकर दुष्टों को धूल चटाओ

उनकी औकाद को उन्हें दिखाओ

अपनी महिमा उन्हें बता कर

हम सबके दिल को हरषाओ ।

संजू की तुम अर्जी सुन लो

मनसा उसकी पूरी कर दो

आस लगाए खड़ी है कब से

अब तो उसकी विनती सुन लो।

जल्दी आओ हे गोपाल

सुन लो मेरी करुण पुकार

आओ आओ नंद के लाल

यशोदा मैया रही पुकार ।

संजुला सिंह “संजू ”

जमशेदपुर(झारखंड