मिशन शक्ति 6.0 के तहत राष्ट्रीय कृषक इंटर कॉलेज में साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किए गए छात्र-छात्राएं

मिशन शक्ति 6.0 के तहत राष्ट्रीय कृषक इंटर कॉलेज में साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किए गए छात्र-छात्राएं

 

डिजिटल अरेस्ट, ओटीपी और यूपीआई फ्रॉड से बचाव की दी गई जानकारी, साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 के प्रति किया जागरूक

 

लवकुश सिंह संवाददाता

अनुराग लक्ष्य न्यूज बस्ती

 

बस्ती। उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा संचालित मिशन शक्ति फेज-6.0 के अंतर्गत साइबर अपराधों, ऑनलाइन धोखाधड़ी और सोशल मीडिया सुरक्षा को लेकर गुरुवार, 15 अक्टूबर 2026 को राष्ट्रीय कृषक इंटर कॉलेज, रघुराज नगर सूदीपुर, थाना दुबौलिया में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान मुख्यालय से उपलब्ध कराए गए यूट्यूब लिंक के माध्यम से जुड़कर छात्र-छात्राओं को साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताए गए।

 

कार्यक्रम पुलिस अधीक्षक बस्ती ओमवीर सिंह के आदेश, अपर पुलिस अधीक्षक श्यामकांत एवं क्षेत्राधिकारी कलवारी बृजेश सिंह के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष दुबौलिया जीवन त्रिपाठी के नेतृत्व में आयोजित किया गया। साइबर प्रभारी अजय कुमार पांडेय के साथ उपनिरीक्षक धीरेंद्र राय, आरक्षी रमेश यादव, आरक्षी मनोज कुमार यादव, महिला कांस्टेबल साधना पांडेय, अर्चना जायसवाल और शिवांगी मौर्या ने जागरूकता अभियान में सहभागिता की।

 

कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को डिजिटल अरेस्ट फ्रॉड, फिशिंग, ओटीपी साझा करने से होने वाली धोखाधड़ी, यूपीआई फ्रॉड, क्यूआर कोड स्कैन करने के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों, अज्ञात लिंक, सोशल मीडिया अकाउंट हैकिंग और ऑनलाइन लॉटरी के नाम पर होने वाले साइबर अपराधों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

 

पुलिस टीम ने बताया कि साइबर अपराधी लोगों को तरह-तरह के प्रलोभन देकर या डराकर उनकी निजी जानकारी और बैंक संबंधी विवरण हासिल करने का प्रयास करते हैं। ऐसे में किसी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, पासवर्ड, बैंकिंग विवरण या यूपीआई पिन साझा नहीं करना चाहिए। संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने और अनजान क्यूआर कोड स्कैन करने से भी बचना चाहिए।

 

साइबर धोखाधड़ी का शिकार होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल www.cybercrime.gov.in का उपयोग करने की जानकारी दी गई। इसके साथ ही थाना स्तर पर स्थापित 24 घंटे संचालित साइबर हेल्प डेस्क के बारे में भी बताया गया, ताकि जरूरत पड़ने पर पीड़ित को समय पर सहायता मिल सके।

 

पुलिस ने छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे स्वयं साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहें और अपने परिवार तथा आसपास के लोगों को भी जागरूक करें। डिजिटल लेनदेन करते समय सतर्कता बरतें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को दें।