शुद्ध दूध-दही और घी के लिए गोपालन जरूरी : डॉ. बलराम चौरसिया

शुद्ध दूध-दही और घी के लिए गोपालन जरूरी : डॉ. बलराम चौरसिया

 

चंदोखा में आयोजित पशु आरोग्य शिविर में 324 पशुओं की जांच कर वितरित की गईं दवाएं

 

बस्ती। शुद्ध दूध, दही और घी का सेवन कर स्वस्थ रहने के लिए गोपालन को बढ़ावा देना नितांत आवश्यक है। यह बातें डिप्टी सीवीओ भानपुर डॉ. बलराम चौरसिया ने चंदोखा में आयोजित पंडित दीनदयाल उपाध्याय पशु आरोग्य शिविर में पशुपालकों को संबोधित करते हुए कहीं।

 

उन्होंने कहा कि वर्तमान दौर में गोपालन के प्रति लोगों की घटती रुचि चिंताजनक है। शुद्ध दूध की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक पांच व्यक्तियों पर कम से कम एक गाय या भैंस होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि गोबर से तैयार होने वाली जैविक खाद की कमी के कारण धरती माता का स्वास्थ्य भी प्रभावित हो रहा है। ऐसे में समाज और पर्यावरण की भलाई के लिए प्रत्येक परिवार को अपने उपलब्ध संसाधनों के अनुसार कम से कम एक गाय या भैंस का पालन जरूर करना चाहिए।

 

कार्यक्रम के आयोजक पशु चिकित्साधिकारी पिरैला रामनगर ने पशुपालकों को विभागीय योजनाओं, पशुधन बीमा, मिनी नंदनी योजना, टीकाकरण तथा पशुओं के स्वास्थ्य एवं देखभाल से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। शिविर में कुल 324 पशुओं की जांच एवं चिकित्सा की गई तथा पशुपालकों को पशु स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक औषधियों का निःशुल्क वितरण किया गया।

 

इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष गिरजेश मिश्रा, महिला मोर्चा अध्यक्ष आरती मिश्रा, पैरावेट अजीत सिंह, कुलदीप, शैलेन्द्र, अमित, अभिषेक, विशाल, रामनिवास, पशुधन प्रसार अधिकारी दिनेश चंद्र, राम सुभाष, अवधनारायण, मनोज, लौटन, केशव, राम प्रसाद, परशुराम, राजेश, हनुमान, अजय और फूलचंद सहित बड़ी संख्या में पशुपालक मौजूद रहे।