लखनऊ,। समाजवादी छात्र सभा की बैठक बुधवार को समाजवादी पार्टी के प्रदेश मुख्यालय स्थित डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में सम्पन्न हुई। बैठक में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस दौरान छात्र सभा के कार्यकर्ता और नेता बड़ी संख्या में नीली पैंट और नीली टी-शर्ट में मौजूद रहे।बैठक को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने भाजपा पर नई पीढ़ी को दिशा भ्रमित करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 का विधानसभा चुनाव लोकतंत्र बचाने का चुनाव होगा। भाजपा सरकार में शिक्षा और रोजगार के रास्ते बंद कर दिए गए हैं। नफरत फैलाना और समाज को बांटना ही भाजपा का एजेंडा है। उन्होंने कहा कि भाजपा विकास की विरोधी है और इसी कारण प्रदेश में परिवर्तन अवश्यंभावी है।अखिलेश यादव ने कहा कि नई पीढ़ी के विकास में समाजवादी विचारधारा महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। समाजवादी सरकार के समय शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में जो व्यवस्थाएं विकसित की गई थीं, भाजपा सरकार ने उन्हें आगे बढ़ाने के बजाय बर्बाद करने का काम किया है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में वास्तविक विकास कार्य समाजवादी सरकार के कार्यकाल में हुए थे और भाजपा सरकार के पास जनता को गिनाने के लिए एक भी उल्लेखनीय काम नहीं है।पूर्व मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सेवाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि समाजवादी सरकार के समय सभी को मुफ्त इलाज की व्यवस्था का लाभ मिलता था। गंभीर बीमारियों जैसे हृदय, किडनी, कैंसर और लीवर से संबंधित उपचार भी मुफ्त उपलब्ध कराया जाता था। उन्होंने कहा कि लखनऊ में उच्च स्तरीय कैंसर अस्पताल की स्थापना समाजवादी सरकार के समय की गई थी, लेकिन भाजपा सरकार ने उसे बर्बाद कर दिया है।अखिलेश यादव ने कृषि क्षेत्र की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि भारत की बड़ी आबादी कृषि पर निर्भर है। कृषि के विकास और उत्पादन में वृद्धि के लिए किसानों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जानी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि किसान उपेक्षित और कर्जदार है तथा मजबूरी में उसे आत्महत्या का रास्ता अपनाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश का नौजवान भी रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं मिलने से परेशान है।उन्होंने कहा कि नए भारत के निर्माण में समाजवादियों की बड़ी जिम्मेदारियां हैं। लोकतंत्र और धर्मनिरपेक्षता का रास्ता समाजवाद का रास्ता है। संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर द्वारा दी गई आर्थिक और सामाजिक आरक्षण की व्यवस्था को समाप्त करने की कोशिशें की जा रही हैं। ऐसे में समाजवादी कार्यकर्ताओं को संविधान और सामाजिक न्याय की व्यवस्था की रक्षा के लिए जनता के बीच सक्रिय भूमिका निभानी होगी।अखिलेश यादव ने समाजवादी कार्यकर्ताओं से काशी में संयम बनाए रखने और जन-जन तक पीडीए का संदेश पहुंचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि पीडीए के माध्यम से ही सकारात्मक सामाजिक और राजनीतिक परिवर्तन संभव होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से भाजपा से सावधान रहने की अपील करते हुए आरोप लगाया कि भाजपा एक षड्यंत्रकारी पार्टी है और जनता को मूल मुद्दों से भटकाने में माहिर है।उन्होंने छात्र सभा के कार्यकर्ताओं से शिक्षा, रोजगार, सामाजिक न्याय, लोकतंत्र और संविधान के मुद्दों को लेकर युवाओं के बीच संवाद बढ़ाने तथा समाजवादी विचारधारा को मजबूत करने का आह्वान किया। बैठक में छात्र नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन को बूथ और गांव स्तर तक मजबूत करने पर भी जोर दिया।